बरेली,एजेंसी। उत्तर प्रदेश के बरेली में एक्ट्रेस दिशा पाटनी के घर फायरिंग करने वाले दो शूटरों के एनकाउंटर के बाद गैंग लीडर रोहित गोदारा ने यूपी पुलिस को धमकी दी है। गुरुवार को उसने फेसबुक पर लिखा- हमारे जो दो शूटर्स मारे गए हैं, हम इसका बदला लेंगे। ये एनकाउंटर हमारे जीवन की बहुत बड़ी क्षति है।
ये ढेर नहीं, शहीद हुए हैं। हम वो काम कर सकते हैं, जिसकी ये कल्पना भी नहीं कर सकते। इसमें जिसका भी हाथ है, वो चाहे कितना भी पैसे वाला हो या पावर वाला हो, वक्त लग सकता है। माफी नहीं है। दरअसल, 11 और 12 सितंबर को बरेली में एक्ट्रेस दिशा पाटनी के घर फायरिंग हुई थी। इस मामले में यूपी एसटीएफ ने हरियाणा और दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर बुधवार शाम को गाजियाबाद में दो शूटरों को एनकाउंटर में मार गिराया। इनकी पहचान हरियाणा निवासी अरुण और रविंद्र के रूप में हुई थी।
मारे गए रविंद्र और अरुण दोनों पेशेवर शूटर थे। रोहित गोदारा और गोल्डी बराड़ के गैंग के सदस्य थे। दोनों पर एक-एक लाख का इनाम था। इसके अलावा, 11 सितंबर को फायरिंग करने वाले शूटर बागपत निवासी नकुल और विजय अभी फरार हैं।
ये रोहित गोदारा का धमकी भरा फेसबुक पोस्ट है। जो गुरुवार सुबह 10.22 किया गया।
रोहित गोदारा नाम की फेसबुक अकाउंट से गुरुवार सुबह 10.22 बजे पोस्ट हुआ। हूबहू पढ़िए…
हमारे भाई ढेर नहीं, शहीद हुए: भाइयों, आज ये जो एनकाउंटर हुआ है, यह हमारे लिए जीवन की बहुत बड़ी क्षति है। मैं आपको बता दूं, यह जो न्यूज चैनल वाले चला रहे हैं कि ढेर हुए, ये ढेर नहीं शहीद हुए हैं। इन भाइयों ने धर्म के लिए अपना बलिदान दिया है। अरे कुछ तो शर्म करो। एक मुंह से तुम सनातन सनातन चिल्लाते हो और जो सनातन के लिए लड़ाई लड़े, उसे मार दिया जाता है। यह इंसाफ नहीं है।
सनातन की हार हुई: ये जितने भी सनातन धर्म का नाम लेकर घूम रहे, ये सिर्फ अपनी रोटी सेंक रहे हैं। यह एनकाउंटर नहीं, सनातन की हार हुई है। धर्म के लिए लड़ने वालों को इस हिंदुस्तान में मार दिया जाता है। अगर तुम इतने सच्चे हो तो उठाओ मुद्दा। हमारे शहीद भाइयों को दिलाओ इंसाफ।
सनातन धर्म की आड़ में धंधा चल रहा: मैं पूरे देश को बता देना चाहता हूं कि यह सनातन धर्म की आड़ में एक धंधा चला हुआ है। सभी देशवासी इनसे सावधान रहें और हम अगर धर्म के लिए लड़ सकते हैं तो हमारे शहीद भाइयों के लिए हम वह काम कर सकते हैं, जिसकी ये कल्पना भी नहीं कर सकते। इसमें जिसका भी हाथ है, वह चाहे कितना भी पैसे वाला हो या पावर वाला हो, वक्त लग सकता है। माफी नहीं है।
दिशा पाटनी के पिता बोले- अभी और बदमाश अंजाम तक पहुंचेंगे
दो शूटरों के एनकाउंटर के बाद अभिनेत्री के पिता और रिटायर्ड DSP जगदीश सिंह पाटनी ने सीएम योगी से फोन पर बात की। कहा- मैंने CM सर को थैंक्यू बोला। गुरुवार दोपहर मीडिया ने सवाल किया- आपका परिवार क्या अभी भी किसी तरह का डर या दहशत महसूस कर रहा है?
इस पर जगदीश पाटनी ने कहा- जब यूपी में योगी और DGP सर मेरे साथ हैं। पूरे मामले का नेतृत्व कर रहे हैं, पूरा पुलिस प्रशासन मेरे साथ है तो डर किसी बात का नहीं है। निश्चित तौर पर अभी और बदमाश अंजाम तक पहुंचेंगे।
अब कोई भी अपराधी प्रवृत्ति का व्यक्ति या तो हमारे प्रदेश में जमींदोज हो चुका है या पलायन कर चुका है। अभिनेत्री के घर पर फायरिंग के बाद 15 सितंबर को सीएम ने जगदीश पाटनी से बात की थी। तब योगी ने जगदीश पाटनी को आश्वासन दिया था कि अपराधी चाहे पाताल में हों, यूपी पुलिस उन्हें खोजकर कार्रवाई करेगी।
कैसे हुआ बदमाशों का एनकाउंटर, पढ़िए
इसी बाइक से शूटर अरुण और रविंद्र आए थे।
यूपी STF के मुताबिक, बुधवार शाम 7:22 बजे गाजियाबाद के ट्रॉनिका सिटी एरिया में चेकिंग की जा रही थी। तभी दो लड़के बाइक पर दिखे। वे चेकिंग देखकर भागने लगे। पीछा करने पर उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। गोली लगने से 4 पुलिसकर्मी घायल हो गए।
पुलिस जीप पर 4 बुलेट लगी। टीम ने खुद को बचाते हुए बदमाशों पर फायरिंग की। 15 मिनट तक दोनों तरफ से करीब 25 से 30 राउंड फायर हुए। पुलिस की गोली से अरुण और रविंद्र घायल हो गए। उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया।
मौके से ग्लॉक, जिगाना पिस्टल और कारतूस बरामद हुए। एक सफेद अपाचे भी मिली। माना जा रहा है कि यही वह बाइक है, जिस पर बदमाश बरेली आए और दिशा पाटनी के घर फायरिंग करके लौट गए थे। STF के अनुसार, दोनों बदमाश CCTV में कैद हुए थे। दिशा पाटनी के घर फायरिंग करते वक्त अरुण सफेद शर्ट और रविंद्र नीली टी-शर्ट पहने था।
पुलिस ने जिगाना पिस्टल और कारतूस बरामद किए हैं।
दिशा पाटनी के घर से 2km दूर रुके थे शूटर्स
बरेली SP सिटी मानुष पारीक ने गुरुवार सुबह एनकाउंटर को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस की। वह मीडियाकर्मियों को उस होटल पर ले गए, जहां शूटर रविंद्र रुका था। इसके पहले इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (ICCC) की फुटेज भी दिखाई।
कहा- एक्ट्रेस के घर फायरिंग के बाद बरेली पुलिस ने शहर के 1320 सीसीटीवी की जांच की। कड़ी से कड़ी जोड़ते हुए देखते गए कि बदमाश कहां से कहां जा रहे हैं। फिर कहां रुके हैं। ऐसे में एक बदमाश रविंद्र की सटीक लोकेशन मिल गई।
9 सितंबर को फायरिंग का मुख्य आरोपी रविंद्र बरेली के शिकलापुर में रोडवेज बस स्टैंड के पास प्रीत पैलेस होटल में रुका था। यहां रविंद्र सीढ़ी पर मोबाइल चलाते हुए चढ़ते दिख रहा है। यहां वह दो दिन रहा।
11 सितंबर को यहां से चेकआउट कर गया। फिर 12 सितंबर को उसने फायरिंग की। 9 सितंबर को अरुण शिकलापुर में रेलवे स्टेशन के पास हिंद गेस्ट हाउस में रुका था। यहां से दिशा पाटनी के घर की दूरी करीब 2 किमी है। बाकी 2 अन्य बदमाश यहां से करीब 50 किमी दूर रामपुर के आसपास रुके थे। इनकी लोकेशन पुलिस ट्रैस कर रही है।
शूटर रविंद्र रोडवेज बस स्टैंड के पास प्रीत पैलेस होटल में आते हुए CCTV में कैद हुआ। एनकाउंटर के बाद पुलिस ने उसकी यह फुटेज जारी की है।
रोहित गोदारा: राजस्थान पुलिस ने रखा है 1 लाख का इनाम
रोहित गोदारा बीकानेर में लूणकरणसर इलाके के कपूरीसर का रहने वाला है। वह साल 2010 से अपराध की दुनिया में है। उस समय उसकी उम्र महज 19 साल थी। बीकानेर शहर में रहते हुए मोबाइल रिपेयरिंग करता था, लेकिन धीरे- धीरे अपराध की दुनिया में आगे बढ़ता चला गया। राजस्थान में लॉरेंस बिश्नोई के खास गुर्गों में इन दिनों रोहित गोदारा का नाम सबसे ऊपर है।
गैंगस्टर रोहित गोदारा के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस के लिए 15 फरवरी को इंटरपोल को लेटर लिखा गया था। साथ ही देश के सभी एयरपोर्ट पर लुक आउट नोटिस जारी है।
नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने पर 5 लाख और राजस्थान पुलिस ने 1 लाख रुपए का इनाम भी घोषित कर रखा है। गोदारा के खिलाफ राजस्थान में 32 केस दर्ज है। इनमें हत्या, वसूली जैसे मामले हैं। पुलिस के अनुसार रोहित 13 जून 2022 को दिल्ली से दुबई भाग गया था।
उसने पवन कुमार के नाम से एक फर्जी पासपोर्ट बनवाया था। पासपोर्ट बनाने के 2 दिन बाद रोहित दिल्ली से निकला था। दुबई जाने के बाद रोहित को दुबई में खतरा लगा था। इसके बाद अजरबैजान चला गया था। अजरबैजान में उसे पुलिस ने पकड़ा, लेकिन उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं होने पर उसे छोड़ दिया था। अजरबैजान पुलिस ने रोहित को दो बार पकड़ा था। वहां से रोहित फिर दुबई चला गया और अभी वहीं है। अपनी पूरी गैंग को चला रहा है।
रोहित गोदारा बीकानेर का रहने वाला है। 3 साल पहले दुबई भाग गया था। -फाइल फोटो
रोहित गोदारा गैंग क्यों पाटनी परिवार से हुआ नाराज?
एक्ट्रेस की बहन खुशबू पाटनी ने कहा था- अनिरुद्धाचार्य का मुंह तोड़ दूंगी
30 जुलाई को दिशा पाटनी की बहन और पूर्व आर्मी ऑफिसर खुशबू पाटनी ने एक वीडियो जारी किया था। इसमें कथावाचक अनिरुद्धाचार्य के लिव-इन-रिलेशनशिप वाले बयान पर खुशबू ने कहा- ऐसे लोगों का तो मैं मुंह तोड़ दूंगी। अगर ये शख्स मेरे सामने होता तो मैं इसे अच्छे से समझा देती कि ‘मुंह मारना’ क्या होता है।
इसे राष्ट्र विरोधी कहने में मुझे कोई हिचक नहीं। जिस इंसान की सोच इतनी घटिया हो, उसे मंच मिलना ही नहीं चाहिए। खुशबू पाटनी ने सवाल उठाया- अगर कोई लिव-इन में है तो क्या लड़की अकेली है? क्या लड़के शामिल नहीं होते?
खुशबू बोलीं- इन्हें समाज के नामर्द फॉलो कर रहे
खुशबू ने आगे कहा- ये दुखद है कि ऐसे बद्जुबान लोगों को समाज में फॉलो किया जाता है। समाज के सारे नामर्द इसे फॉलो कर रहे हैं। जो लड़कियों के चरित्र पर उंगली उठाता है, वो किसी भी धर्म या संस्कृति का प्रतिनिधि नहीं हो सकता। सोशल मीडिया पर भी अब सवाल उठने लगे हैं कि आखिर किस आधार पर एक कथावाचक ऐसा भद्दा बयान देता है? क्या धर्म के मंच से इस तरह के प्रवचन दिए जा सकते है?
अब भक्त का सवाल और अनिरुद्धाचार्य का जवाब पढ़िए, जिस पर घमासान मचा
अनिरुद्धाचार्य ने कथा के समय एक भक्त के सवाल का जवाब दिया था।
अनिरुद्धाचार्य के जिस बयान पर विवाद खड़ा हुआ, वह एक कथा के दौरान का है। जिसमें एक भक्त सवाल करता है- गुरु जी राधे-राधे, घर वाले मुझसे शादी करने के लिए बोलते हैं। लेकिन, मुझे थोड़ा डर लगता है। हम आजकल देख रहे हैं बहुत जल्द डिवोर्स हो रहे हैं। जवाब में अनिरुद्धाचार्य ने कहा- इसका एक ही समाधान है। लड़की 14 साल की होगी और 14 साल की कोई लड़की आपके घर दुल्हन बन कर आ जाएगी तो उस समय तो वो बच्ची होगी। समझ रहे हो? लोग फिर जल्दी शादियां करना शुरू कर देंगे। क्योंकि अब लड़कियां लाते हैं 25 साल की, 25 साल की लड़की चार जगह मुंह मार चुकी होती है। वो 25 साल की जब तक आती है तो पूरी जवान हो कर आएगी। स्वाभाविक है कि उसकी जवानी कहीं न कहीं फिसल जाएगी।
आज लड़के-लड़कियां 10 के साथ लिव-इन में रह रहे : अनिरुद्धाचार्य इसके अलावा अनिरुद्धाचार्य का एक और वीडियो सामने आया था। जिसमें वह कथा में कह रहे हैं कि पहले के लोग इतने समझदार थे कि लिव-इन की जरूरत नहीं थी। अपनी पत्नी और पति के साथ ही वह लिव-इन में रहा करते थे। आज के लोग क्या कर रहे हैं, पहले 10 लड़कियों या 10 लड़कों के साथ लिव-इन में रह लिया। अब जो 10 के संग रह चुकी है या रह चुका है वो एक के साथ साथ कैसे रहेगी या रहेगा। पहले तो यह सोचो जो 10 जगह मुंह मार चुका है या चुकी है, वो एक के साथ बंधेगी या बंधेगा कभी। हालांकि, विवाद के बाद अनिरुद्धाचार्य ने वीडियो जारी कर माफी मांगी थी।
दिशा पाटनी के पिता की तरफ से दर्ज हुई FIR
मैं बालकनी पर खड़ा था, उन्होंने गोली चला दी
दिशा के पिता जगदीश ने लिखा- गुरुवार सुबह 4.30 बजे 2 युवक मेरे घर के बाहर फायरिंग करके चले गए थे। तब हम लोग सो रहे थे। फिर शुक्रवार सुबह 3:30 बजे मेरा कुत्ता भौंक रहा था, मुझे संदेह हुआ। तब मैं बालकनी में आया, तो नीचे बाइक सवार 2 लोग दिखे। टोकने पर एक युवक ने मुझे निशाना बनाकर फायरिंग कर दी।
मैंने पिलर के पीछे फर्श पर लेटकर अपनी जान बचाई। जगदीश ने पुलिस को बताया कि मेरी एक बेटी दिशा पाटनी बॉलीवुड में अभिनेत्री है। दूसरी बेटी खुशबू पाटनी मेजर पद से रिटायर होकर मेरे साथ रह रही है।
दोनों बेटियां सोशल मीडिया पर पब्लिक फिगर हैं और उनके लाखों फैन हैं। उनकी बेटी को सोशल मीडिया पर भी धमकी दी गई थी। CO फर्स्ट आशुतोष शिवम ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज करके बाइक सवार बदमाशों को ढूंढा जा रहा है।
जिम्मेदारी लेने वाले गैंग ने फेसबुक पर क्या लिखा…
पहला मैसेज एक्ट्रेस के लिए-
फेसबुक पर आगे लिखा – इसने हमारे सनातन धर्म को नीचा दिखाने की कोशिश की है। हमारे आराध्य देवी-देवताओं का अपमान नहीं सहा जाएगा। ये तो बस ट्रेलर था, अगली बार अगर इसने या किसी ने हमारे धर्म के प्रति कुछ भी अभद्रता दिखाई, तो उनके घर में से किसी को जिंदा नहीं छोड़ेंगे।
दूसरा मैसेज बॉलीवुड इंडस्ट्री के लिए-
पुलिस के पास जिस फेसबुक पेज की पोस्ट की कटिंग वॉट्सऐप पर आई थी। उस अकाउंट को ट्रेस किया गया। मगर यह पेज नहीं मिल सका। इसके बाद पुलिस ने कैलिफोर्निया फेसबुक ऑफिस को ई-मेल करके जानकारी मांगी है।
दिशा पाटनी के घर पर जो हमला हुआ, इसकी जिम्मेदारी लेने वाले रोहित गोदारा और गोल्डी बराड़ कभी लॉरेंस बिश्नोई के लिए काम करते थे। रोहित ने दिशा पाटनी के घर हमला कराने के बाद ऑडियो रिकॉर्डिंग जारी की, जिसमें उसने कहा- मेरा नाम लॉरेंस बिश्नोई के नाम न जोड़ा जाए।
नई दिल्ली, एजेंसी। परीक्षाओं में पेपर लीक और धांधली की घटनाओं पर सख्त रोक लगाने के लिए केंद्र सरकार मौजूदा कानूनी प्रावधानों को और मजबूत करने जा रही है। सरकार ने पब्लिक एग्जामिनेशंस एक्ट, 2024 में संशोधन के मसौदे को केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक में मंजूरी दे दी है। प्रस्तावित संशोधनों के तहत पेपर लीक के मामलों में 10 साल तक की सजा और 10 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया गया है।
संशोधित विधेयक को मिली मंजूरी
शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में कैबिनेट कमेटी ऑन सिक्योरिटी (CCS) और कैबिनेट कमेटी ऑन इकोनॉमिक अफेयर्स (CCEA) की बैठकों के बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल की अहम बैठक हुई। इस बैठक में संशोधित पेपर लीक विधेयक के मसौदे पर चर्चा की गई और उसे मंजूरी दे दी गई। सरकार अब इस विधेयक को अगले सप्ताह शुरू होने वाले संसद के मानसून सत्र में पेश करने की तैयारी कर रही है।
पेपर लीक माफिया पर होगी कड़ी कार्रवाई
प्रस्तावित संशोधनों के तहत पेपर लीक से जुड़े संगठित गिरोहों और दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा मामलों के त्वरित निपटारे के लिए स्पेशल फास्ट ट्रैक कोर्ट को कानूनी आधार दिया जाएगा। इन अदालतों को तीन महीने के भीतर जांच पूरी कर फैसला सुनाने का अधिकार देने का प्रस्ताव है, ताकि छात्रों को जल्द न्याय मिल सके।
बता दें कि इस फैसले से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पेपर लीक की घटनाओं पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा था कि यह कोई सामान्य अपराध नहीं है, बल्कि लाखों छात्रों और उनके परिवारों के भविष्य से जुड़ा मुद्दा है। उन्होंने भरोसा दिलाया था कि दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए सरकार मजबूत कानूनी व्यवस्था लागू करेगी।
CJP और केंद्र सरकार के बीच हुई अहम बैठक
इधर, प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर जारी छात्र आंदोलन के बीच कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और केंद्र सरकार के प्रतिनिधियों के बीच नई दिल्ली स्थित कॉन्स्टिट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया में बैठक हुई। इस वार्ता को आंदोलन के समाधान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। बैठक से पहले CJP ने मंत्रियों के सरकारी आवास या कार्यालय में बातचीत से इनकार करते हुए किसी तटस्थ स्थान पर बैठक की मांग की थी, जिसके बाद कॉन्स्टिट्यूशन क्लब को वार्ता स्थल बनाया गया।
CJP ने रखीं ये प्रमुख मांगें
बैठक के दौरान CJP ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई। इसके अलावा प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों की जवाबदेही तय करने, पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच कराने और आंदोलन के दौरान छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग भी सरकार के सामने रखी गई।
नई दिल्ली, एजेंसी। कांग्रेस ने शुक्रवार को अपनी राज्य इकाइयों को निर्देश दिया कि वे 25 जुलाई (शनिवार) को ज़िला स्तर पर कैंडललाइट मार्च और सत्याग्रह आयोजित करें। यह आयोजन NEET और CBSE परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर छात्रों के समर्थन में और विरोध कर रहे छात्रों पर कथित “बर्बर हमलों” की निंदा करने के लिए किया जाएगा। सभी प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) अध्यक्षों को लिखे एक पत्र में, AICC महासचिव केसी वेणुगोपाल ने कहा कि ये कार्यक्रम कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के निर्देशन में आयोजित किए जाने चाहिए।
वेणुगोपाल ने पत्र में कहा, “माननीय कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के निर्देशानुसार, आपसे अनुरोध है कि आप अपने अधिकार क्षेत्र में आने वाली प्रत्येक ज़िला कांग्रेस कमेटी (DCC) को शनिवार शाम, 25 जुलाई, 2026 को एक विशाल कैंडललाइट मार्च और सत्याग्रह आयोजित करने का निर्देश दें।” पत्र में कहा गया है कि मार्च महात्मा गांधी या डॉ. बीआर अंबेडकर की प्रतिमा की ओर बढ़ना चाहिए और वहीं समाप्त होना चाहिए, साथ ही छात्रों और युवाओं के समर्थन में सत्याग्रह आयोजित किया जाना चाहिए।
कांग्रेस ने अपने कार्यकर्ताओं को केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की मांग करने का भी निर्देश दिया। पार्टी ने परीक्षा की शुचिता के “पूरी तरह से ध्वस्त होने” और देश के युवाओं के भविष्य की रक्षा करने में विफलता का आरोप लगाया। पत्र में कहा गया, “हमें परीक्षा की शुचिता के पूरी तरह से ध्वस्त होने और देश के युवाओं के भविष्य की रक्षा करने में विफलता के लिए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की भी स्पष्ट रूप से मांग करनी चाहिए।”
पार्टी ने PCC, DCC, ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों, फ्रंटल संगठनों, विभागों, सेल और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ-साथ छात्रों, युवाओं, अभिभावकों और नागरिक समाज के सदस्यों की भागीदारी का आह्वान किया। PCC अध्यक्षों से यह सुनिश्चित करने के लिए भी कहा गया कि मार्च और सत्याग्रह “शांतिपूर्ण, अनुशासित और प्रभावी ढंग से” आयोजित किए जाएं और उन्हें व्यापक मीडिया और सोशल मीडिया कवरेज मिले।
पत्र में कहा गया, “भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस भारत के छात्रों के साथ मजबूती से खड़ी है और डराने-धमकाने, दमन और सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग के माध्यम से लोकतांत्रिक आवाज़ों को दबाने के किसी भी प्रयास का पुरजोर विरोध करेगी। कांग्रेस की यह घोषणा NEET-UG 2026 परीक्षा में कथित गड़बड़ियों और प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच आई है। इस बीच, दिल्ली में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह तथा कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास और राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका के बीच एक बैठक हुई।
CJP बातचीत के लिए तब सहमत हुई जब सरकार ने कथित तौर पर उसकी दो शर्तें मान लीं — कि शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की जाएगी और हाल ही में परीक्षा में हुई गड़बड़ियों से प्रभावित छात्रों के परिवारों को उचित मुआवजा दिया जाएगा। हालांकि, CJP प्रधान के इस्तीफे की अपनी मुख्य मांग पर अड़ी रही। CJP प्रतिनिधि अभिजीत दिपके ने कहा, “हमें (केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के) इस्तीफे से कम कुछ भी मंजूर नहीं है। विरोध प्रदर्शन वापस नहीं लिया जाएगा।” यह घटनाक्रम तब हुआ है जब सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने NEET परीक्षा के मुद्दे और प्रतियोगी परीक्षाओं में प्रणालीगत सुधारों के संबंध में केंद्र सरकार से लिखित आश्वासन मिलने के बाद अपनी 26 दिन की भूख हड़ताल खत्म कर दी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह भी घोषणा की है कि केंद्रीय मंत्रिमंडल एक ऐसे मसौदा विधेयक पर विचार करेगा जिसमें पेपर लीक में शामिल लोगों के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट और कड़ी सजा का प्रावधान होगा।
नई दिल्ली/भोपाल/जयपुर, एजेंसी। हिमाचल प्रदेश के लाहौल-स्पीति में शुक्रवार को उदयपुर-किलाड़ सड़क पर कडू नाला के पास लैंडस्लाइड हो गई। इसकी चपेट में टाटा सूमो टैक्सी आ गई। गाड़ी में 15 लोग सवार थे, 13 की मौत हो गई।
उधर गुजरात में भारी बारिश से कई जिले बाढ़ की चपेट में हैं। वलसाड के उमरगाम तालुका में 16 घंटों में 43 इंच बारिश हुई, जिससे निचले इलाके डूब गए हैं।
नवसारी में बाढ़ में फंसे लोगों को हेलिकॉप्टर से एयरलिफ्ट किया गया। अहमदाबाद, सूरत में पानी भर गया। वाव-थराद जिले में बाजार डूब गए।
यूपी में पिछले 10 दिनों से हो रही बारिश के चलते गंगा, यमुना समेत 10 नदियां उफान पर हैं। सीतापुर में पानी सड़क पर भर गया। ग्रामीण नाव से आ-जा रहे हैं।
वहीं, राजस्थान के बांसवाड़ा और डूंगरपुर समेत 11 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी है।