स्कूलों में पोस्टर के माध्यम से बच्चों को सुरक्षा जागरूकता के दिए निर्देश
कलेक्टर ने ली मानव – हाथी द्वंद रोकने हेतु जिला स्तरीय समिति की बैठक कोरबा। जिले में जंगली हाथियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा मानव – हाथी द्वंद को प्रभावी रूप से नियंत्रित करने के उद्देश्य से आज कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में गठित जिला स्तरीय समिति की बैठक कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित की गई। बैठक में हाथी प्रभावित क्षेत्रों की वर्तमान स्थिति की विस्तृत समीक्षा करते हुए उन्होंने संबंधित विभागों को समन्वित एवं सतत कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कोरबा एवं कटघोरा वनमंडल के अंतर्गत हाथियों के विचरण वाले क्षेत्रों में सुरक्षा उपायों, रिहायशी इलाकों से हाथियों को दूर रखने तथा मानव-हाथी संघर्ष से होने वाली जनहानि को न्यूनतम करने के लिए किए जा रहे कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि वन्यजीव संरक्षण के साथ-साथ नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है, इसके लिए सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें। कलेक्टर श्री दुदावत ने निर्देशित किया गया कि हाथियों की गतिविधियों पर निरंतर निगरानी रखते हुए समय रहते अलर्ट जारी किए जाएं तथा संभावित जोखिम वाले क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई की व्यवस्था की जाए। हाथियों से होने वाली फसलों, मकानों एवं जनहानि की घटनाओं को न्यूनतम करने के लिए प्रभावी प्रबंधन रणनीति अपनाने पर विशेष जोर दिया गया। उन्होंने आम नागरिकों की जागरूकता को अत्यंत आवश्यक बताते हुए निर्देश दिए कि हाथी प्रभावित ग्रामों एवं स्कूलों में पोस्टर, बैनर एवं अन्य माध्यमों से सतर्कता संबंधी जानकारी प्रदर्शित की जाए, ताकि विशेष रूप से बच्चे और ग्रामीण सुरक्षित व्यवहार अपना सकें और हाथियों के विचरण के समय आवश्यक सावधानियां बरतें। विद्युत विभाग को निर्देशित किया गया कि हाथी प्रभावित क्षेत्रों में लो हैंगिंग तारों एवं जोखिमयुक्त विद्युत संरचनाओं का सर्वे कर शीघ्र सुधारात्मक कार्य किए जाएं, ताकि किसी भी प्रकार की दुर्घटना की आशंका को रोका जा सके। साथ ही कलेक्टर ने इन क्षेत्रों में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन आवासों को प्राथमिकता के साथ पूर्ण करने के निर्देश दिए। बैठक में डीएफओ निशांत कुमार, जिला पंचायत सीईओ दिनेश कुमार नाग, अपर कलेक्टर तन्मय खन्ना सहित अन्य अधिकारी उपस्थिति थे।
हितग्राहियों की सुविधा और पारदर्शिता के लिए उठाया गया महत्वपूर्ण कदम
कोरबा, 18 अगस्त 2026। प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के अंतर्गत वर्ष 2016-17 से 2025-26 तक स्वीकृत आवासों की सूची जिले की समस्त ग्राम पंचायतों के ग्राम पंचायत भवनों में चस्पा कराई गई है। यह पहल हितग्राहियों को अपने आवास की स्वीकृति संबंधी जानकारी सहज एवं सुगम रूप से उपलब्ध कराने तथा योजना में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई है।
हितग्राही अपने संबंधित ग्राम पंचायत भवन में चस्पा की गई स्वीकृत आवासों की सूची का अवलोकन कर अपने नाम एवं आवास स्वीकृति संबंधी जानकारी की पुष्टि कर सकते हैं। सूची के अवलोकन के दौरान यदि किसी हितग्राही को नाम, स्वीकृति अथवा अन्य किसी विवरण में विसंगति या त्रुटि दिखाई देती है, तो वे इसकी सूचना संबंधित जनपद पंचायत अथवा जिला पंचायत कार्यालय को दे सकते हैं।
प्राप्त शिकायतों एवं आपत्तियों का परीक्षण कर नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही की जाएगी।
नम: आयोजन समिति का दिव्य आयोजन, नमन पाण्डेय ने कहा कि पार्थिव शिवलिंग पूजन से जीवन में सुख-समृद्धि और शांति का होता है संचार हजारों हाथों ने एक साथ शिवलिंगों पर की जलधारा की बरसात, परिसर हुआ शिवमय कोरबा। श्रावण शुक्ल पंचमी (नागपंचमी) विक्रम संवत् 2083, 17 अगस्त सावन का तीसरा सोमवार कोरबा के लिए आध्यात्मिक जागृति के लिए काफी महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक रहा। माँ सर्वमंगला देवी और भगवान भोलेनाथ की असीम कृपा से माँ सर्वमंगला देवी मंदिर दुरपा कोरबा परिसर में नम: आयोजन समिति ने 121 पार्थिव शिवलिंगों का दिव्य महारूद्राभिषेक का आयोजन किया। यह कोरबा के लिए दिव्य और सनातन संस्कृति के लिए एक ऐतिहासिक आध्यात्मिक आयोजन सिद्ध हुआ। 121 पार्थिव शिवलिंगों का जब महाभिषेक प्रारंभ हुआ और घंटियों एवं शंखनाद के साथ दिव्य मंत्रोच्चार हुआ तब पूरा परिसर शिवमय हो गया और वातावरण स्वर्ग से भी सुंदर लग रहा था, मानो भगवान शिव का यज्ञ स्थल में शामिल होकर देव भी भगवान शिवलिंग में जल अर्पित करने के लिए आतुर दिखाई दे रहे हैं। जहां हजारों हाथों ने एक साथ जलधारा से 121 पार्थिव शिवलिंगों में जल अर्पित कर रहे थे, वहीं आसमान अपनी अविरल जलधारा से रूद्राभिषेक कर रहा था। माँ सर्वमंगला देवी मंदिर परिसर में आज (17 अगस्त) नवरात्रि के बाद ऐसा आध्यात्मिक संगम देखने को मिला। आध्यात्मिक दृश्य देखकर मानो आसमां भी गदगद हो रहा था और आसमान बरसात के रूप में अपना आशीर्वाद उन शिव भक्तों पर उड़ेल रहा था, जो 121 पार्थिव शिवलिंग का रूद्राभिषेक करने के लिए माँ सर्वमंगला देवी मंदिर पहुंचे थे। हजारों की संख्या में लोग 121 पार्थिव शिवलिंग का दिव्य महारूद्राभिषेक का दर्शन करने पहुंचे थे और दृश्य देखकर मन तृप्त कर रहे थे।
नम: आयोजन समिति द्वारा द्वितीय वर्ष इस तरह का भव्य आयोजन किया गया। आयोजन समिति द्वारा पवित्र 121 पार्थिव शिवलिंग की स्थापना परिसर में दिव्य मंत्रोच्चार के साथ किया गया, जहां 121 शिवभक्त दम्पत्तियों द्वारा शिव महामंत्र, महामृत्युंजय मंत्रों के बीच, शंखनाद एवं घंटियों की दिव्य नाद के बीच महारूद्राभिषेक किया गया। दृश्य देखकर मन तृप्त हो रहा था। ऐसा लग रहा था मानो माँ सर्वमंगला देवी मंदिर परिसर में भगवान शिव ने अपना डेरा डाल रखा है और शिवभक्तों को दिव्य सनातन का पाठ पढ़ा रहा हो। नम: आयोजन समिति की ओर से मयंक पाण्डेय, नमन पाण्डेय सहित विद्वान आचार्यों एवं पंडितों द्वारा यह महारूद्राभिषेक दिव्यता और आध्यात्मिक मनोभाव से सम्पन्न कराया गया। कार्यक्रम इतना दिव्य था कि चारों तरफ आयोजन की गूंज सुनाई दे रही है और आयोजन समिति के इस दिव्य आयोजन की प्रशंसा चारों तरफ कीर्तिवान बनकर फैल रही है। पार्थिव शिवलिंग पूजन से तीनों तापों से मिलती है मुक्ति, परिवार बनता है खुशहाल- नमन पाण्डेय
नम: आयोजन समिति के अध्यक्ष राजपुरोहित नमन पाण्डेय ने बताया कि पार्थिव शिवलिंग पूजन का विशेष महत्व है। भगवान राम ने भी लंका विजय प्राप्ति के पूर्व एवं रामसेतू निर्माण से पूर्व पार्थिव शिवलिंग का निर्माण कर भगवान शिव की पूजा-अर्चना की थी और भगवान राम का लक्ष्य पूरा हुआ। पार्थिव शिवलिंग की पूजा फलदायी एवं सिद्धिदायी होती है। इसके अलावा पार्थिव शिवलिंग के पूजन से मनुष्य को दैहिक, दैविक और भौतिक तापों से मुक्ति मिलती है और अमरत्व (दीर्घायु) की प्राप्ति होती है। भगवान शिव शिवभक्तों के परिवार, घर में खुशहाली का वरदान देते हैं। भगवान शिव भोले भण्डारी हैं, खुद फकीरी का जीवन अपनाया, लेकिन अपने भक्तों को धन, सुख, समृद्धि का भण्डार प्रदान करते हैं। कार्यक्रम के अंत में सामाजिक दायित्व का किया गया निर्वहन
121 पार्थिव शिवलिंगों का महारूद्राभिषेक सम्पन्न होने के बाद सर्वमंगला पुलिस चौकी प्रभारी विभव तिवारी सहित अन्य अधिकारियों ने उपस्थित जनों के बीच नम: आयोजन समिति के साथ सामाजिक दायित्व का भी निर्वहन किया और पुलिस अधिकारियों ने साइबर क्राइम मुक्त छत्तीसगढ़ महाभियान के तहत साइबर ठगी से सुरक्षित रहने के उपाय बताए और कहा कि सभी के सतर्क रहने पर साइबर क्राइम शून्य होगा। आध्यात्म की गूंज शहर के अंतिम छोर तक पहुंची
नम: आयोजन समिति के इस लोक मंगलकारी एवं लोक कल्याणकारी आयोजन की गूंज कोरबा के अंतिम छोर तक पहुंची और नम: आयोजन समिति के इस महाआध्यात्मिक आयोजन की प्रशंसा की गई। इस आयोजन की कीर्ति दूर-दूर तक फैली। यह कोरबा ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश के लिए ऐतिहासिक आध्यात्मिक आयोजन था।
महाभंडारे का आयोजन
नम: आयोजन समिति द्वारा 121 पार्थिव शिवलिंग का महारूद्राभिषेक सम्पन्न कराने के बाद महाभण्डारे का भी आयोजन किया, जिसमें उपस्थित हजारों शिवभक्तों ने महा प्रसाद का आनंद लिया और तृप्त हुए। नमन पाण्डेय ने जताया आभार
नम: आयोजन समिति की ओर से नमन पाण्डेय ऊर्फ नन्हा महराज ने 121 पार्थिव शिवलिंग के महारूद्राभिषेक को सफल और सुफल बनाने वाले सभी 121 शिवभक्त दम्पत्तियों, उपस्थित हजारों शिवभक्तों का आभार जताया। श्री पाण्डेय ने पुलिस अधिकारियों का भी आभार जताया, जिन्होंने सामाजिक दायित्वों का निर्वहन करते हुए जनसुरक्षा को प्राथमिकता के साथ अपने कर्त्तव्य पथ पर अडिग रहते हैं। नन्हा महराज ने इस महायज्ञ को सफल बनाने वाले विद्वान आचार्यों, पंडितों का भी आभार जताया, जिनके मंत्रोच्चार, घंटी एवं शंखनादों से परिसर दैदिव्यमान हुआ और शिवमहिमा के सत्व प्रकाश से कोरबा आल्हादित हुआ। व्यवस्था में लगे समस्त सहयोगियों का भी ह्दय से आभार जताया। उन्होंने कहा कि भगवान शिव, शिवभक्तों के परिवारों सहित कोरबा जिले को सुख-शांति, सद्भाव, एकता के साथ समृद्ध और खुशहाल बनाए, यही भगवान भोलेनाथ से मेरी कामनाएं एवं प्रार्थना।
कोरबा/परसदा(पाली)। प्रखर समाजसेवी,शिक्षाविद स्वर्गीय कार्तिक जायसवाल की स्मृति में परसदा स्कूल में ‘न्योता भोज’ का भव्य आयोजन; शिक्षा विभाग के आला अधिकारी रहे मौजूद परसदा/पाली:क्षेत्र के प्रख्यात सामाजिक कार्यकर्ता,एवं समर्पित शिक्षाविद स्वर्गीय श्री कार्तिक जायसवाल जी की पावन स्मृति को अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए आज एक अत्यंत गरिमामयी और सेवाभावी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। स्वर्गीय कार्तिक जायसवाल जी के ज्येष्ठ सुपुत्र अंबिका जायसवाल उनकी धर्मपत्नी श्रीमती ऊषा जायसवाल , सुपुत्र सुनील जायसवाल एवं उनकी धर्मपत्नी श्रीमती वर्षा जायसवाल के सौजन्य से स्थानीय प्राथमिक शाला एवं माध्यमिक शाला परसदा में ‘न्योता भोज’ कार्यक्रम का आयोजन रखा गया।
इस दौरान स्कूली बच्चों को अत्यंत स्नेह और आदर के साथ सुरुचिपूर्ण भोजन कराया गया।शिक्षा विभाग के अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थितिइस न्योता भोज कार्यक्रम में शिक्षा जगत से जुड़े कई उच्च अधिकारियों, संकुल समन्वयकों और वरिष्ठ शिक्षकों ने विशेष रूप से शिरकत की। कार्यक्रम में मुख्य रूप से उपस्थित कुम्देश गोभिल (विकास खंड शिक्षा अधिकारी ), मनीराम मरकाम (सहायक विकास खंड शिक्षा अधिकारी), रामगोपाल जायसवाल (विकासखंड स्रोत समन्वयक -),श्रीमती संध्या जायसवाल-सुपुत्री (सहायक विकास खंड शिक्षा अधिकारी, कोटा) गणपत दास बंजारे (संकुल समन्वयक)शिक्षक समुदाय और ग्रामीणों की सहभागिता कार्यक्रम को सफल बनाने में स्थानीय शिक्षक संघ और ग्रामवासियों का भी भरपूर सहयोग रहा। आयोजन के दौरान शिक्षा क्षेत्र के शिक्षक भीष्म प्रसाद साहू, रेवती रमण, लक्ष्मी जायसवाल एवं सचिव संतोष राव विशेष रूप से उपस्थित रहे। इसके साथ ही, स्वर्गीय कार्तिक जायसवाल जी के परिवार के सदस्य नितांश जायसवाल, शांभवी जायसवाल, सार्थक जायसवाल, अंशु जायसवाल, वासु जायसवाल,चंचल जायसवाल,कीर्ति जायसवाल सहित बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामवासी और गणमान्य नागरिक बच्चों का उत्साहवर्धन करने और अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचे।
अतिथियों ने की जायसवाल परिवार की सराहना….. कार्यक्रम में उपस्थित विकास खंड शिक्षा अधिकारी कुम्देश गोभिल और अन्य अधिकारियों ने स्वर्गीय कार्तिक जायसवाल जी के समाज और शिक्षा के क्षेत्र में दिए गए अमूल्य योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि जायसवाल परिवार द्वारा बच्चों के लिए आयोजित यह ‘न्योता भोज’ समाज के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण है। इस तरह के आयोजनों से न केवल बच्चों को पोषण और स्नेह मिलता है, बल्कि समाज में समरसता और सेवा की भावना भी सुदृढ़ होती है। भोजन के पश्चात जायसवाल परिवार ने उपस्थित सभी अतिथियों, शिक्षकों और ग्रामीणों का इस पुनीत कार्य में सहभागी बनने के लिए आभार व्यक्त किया।