Connect with us

कोरबा

श्री सप्तदेव मंदिर में अमावस्या कार्यक्रम में हुआ शिल्पकारों का अनूठा सम्मान

Published

on

कोरबा। कृष्ण पक्ष की अमावस्या 25 जून 2025 दिन बुधवार को श्री सप्तदेव मंदिर में मां श्री राणीसती दादी का भव्य संगीतमय मंगलपाठ कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। इस शुभ अवसर को और भी विशेष बनाते हुए श्री सप्तदेव मंदिर ट्रस्ट परिवार एवं श्री सप्तदेव मंदिर महिला मंडल समिति के द्वारा एक अनूठा सामाजिक पहल करते हुए मंदिर के जीर्णाेधार कार्य करने वाले समस्त शिल्पकारों का सार्वजनिक सम्मान किया गया। विदित हो कि श्री सप्तदेव मंदिर का जीर्णोधार कार्य प्रगति पर है।
शिल्पकारों को सम्मान स्वरूप मंदिर परिसर में क्रमबद्ध बैठाकर उन्हें दुपट्टा ओढ़ाकर पारम्परिक ढंग से स्वागत किया गया एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर उनका अभिनंदन किया गया एवं बरसात के मौसम को देखते हुए उन्हे भेंट स्वरूप छाता भी प्रदान किया गया। यह दृश्य अत्यंत भावुक और प्रेरणादायक रहा। शिल्पकारों ने भावविभोर होकर कहा कि जीवन में पहली बार उन्हें एैसा सम्मान मिला है जिसकी उन्होंने कभी कल्पना भी नहीं की थी।
इस अभिनव पहल की प्रशंसा करते हुए उपस्थित बुद्धिजीवियों ने कहा कि शिल्पकारों का ऐसा सम्मान वास्तव में ऐतिहासिक है। एक वक्त था जब शिल्पकार महलों व मंदिरों के निर्माण उपरांत गुमनामी में चले जाते थे या उनके हाथ कटवा दिये जाते थे ताजमहल के शिल्पकारों का उदाहरण दुनियॉ ने देखा किन्तुु श्री सप्तदेव मंदिर में शिल्पकारों को इसमे मार्बल कार्य करने वाले, पेन्टर, फॉल सिलिंग, दरवाजो की सजावट करने वाले, कारपेंटर इत्यादि को सार्वजनिक रूप से सम्मानित कर एक प्रशंसनीय कार्य किया है एवं समस्त समाज को प्रेरणा स्वरूप एक सकारात्मक संदेश देने का प्रयास किया है कि इस प्रकार के छोटे छोटे कार्य कर किसी को बडी बडी खुशियॉ दी जा सकती है जो सही अर्थों में उनके योगदान को श्रद्धा अर्पित करने जैसा है।
श्री सप्तदेव मंदिर ट्रस्ट के प्रमुख ट्रस्टी अशोक मोदी, श्री सप्तदेव मंदिर महिला मंडल समिति एवं उपस्थित समस्त मंगलपाठी बहनों के द्वारा किए गए इस आयोजन की नगरवासियों सहित उपस्थित जनसमूह ने भूरि भूरि प्रशंसा एवं सराहना की है एवं कहा कि यह परंपरा आगे भी जारी रहनी चाहिए जिससे श्रमिकों एवं कलाकारों को उनकी भूमिका के लिए समाज से यथोचित सम्मान मिल सके।
इस अवसर पर मंदिर के प्रमुख ट्रस्टी अशोक मोदी, अयन मोदी, वैद्यिक मोदी, अमरनाथ अग्रवाल, जगदीश प्रसाद अग्रवाल, भगवती प्रसाद गोयनका, अंकित गोयनका, विजय गोयनका, बनमाली शर्मा, नवीन तिवारी, सोमदत्त द्विवेदी, सरला मित्तल, किरण मोदी, प्रेमा अग्रवाल, अंकिता मोदी, लीना अग्रवाल, अनिता गुप्ता, ललिता अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में लोगों की गरिमामय उपस्थिति थी।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

कोरबा

दुर्घटना की सूचना मिलते ही स्वास्थ्य विभाग ने की आवश्यक कार्रवाई

Published

on

आपातकालीन सेवाओं को और सुदृढ़ बनाने हेतु की जा रही आवश्यक कार्यवाही

कोरबा। ग्राम लामपहाड़ में घटित सड़क दुर्घटना की घटना को जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा गंभीरता से लेते हुए तत्काल तथ्यात्मक जांच कराई गई। जांच हेतु खंड चिकित्सा अधिकारी, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पताढ़ी को वस्तुस्थिति का परीक्षण कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए थे। संबंधित अधिकारियों से प्राप्त प्रतिवेदन एवं स्थल स्तर पर उपलब्ध जानकारी के परीक्षण उपरांत घटना से संबंधित वस्तुस्थिति स्पष्ट हुई है। साथ ही आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में सामने आई चुनौतियों के निराकरण हेतु आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई भी प्रारंभ कर दी गई है।
प्राप्त प्रतिवेदन के अनुसार 08 जून 2026 की रात्रि लगभग 8ः30 बजे ग्राम लामपहाड़ में एक बाइक दुर्घटना की सूचना सेक्टर मेडिकल ऑफिसर लेमरू को प्राप्त हुई। सूचना मिलते ही संबंधित अधिकारियों द्वारा उपलब्ध आपातकालीन संसाधनों के माध्यम से तत्काल कार्रवाई प्रारंभ की गई। इस दौरान लेमरू स्थित 108 एम्बुलेंस पूर्व से एक रेफर मरीज को कोरबा पहुंचाने के कार्य में लगी हुई थी तथा ड्यूटी अवधि पूर्ण होने एवं आवश्यक मानव संसाधन की अनुपलब्धता के कारण समय पर दुर्घटना स्थल तक नहीं पहुंच सकी।
जांच में यह भी पाया गया कि 108 एम्बुलेंस सेवा का संचालन संबंधित एजेंसी द्वारा किया जाता है। वर्तमान में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेमरू में अवस्थित 108 एम्बुलेंस की आवश्यकता पड़ने पर कॉल कंन्ट्रोल सेंटर रायपुर को कॉल करने पर कोरबा में पॉयलेट को सीधे कॉल लगने की सुविधा नहीं है। पॉयलेट के निजी नम्बर पर कॉल किया जाता है।  नेटवर्क सम्बन्धी समस्या के कारण कॉल कनेन्ट नही हो पाता है जिससे तत्कालीन अवधि में परेशानी का सामना करना पड़ता है।  इस संबंध में सेक्टर प्रभारी द्वारा तत्काल 108 सेवा के जिला समन्वयक से संपर्क कर स्थिति से अवगत कराया गया। लेमरू क्षेत्र में नेटवर्क संबंधी बाधाओं तथा द्वितीय व तृतीय पाली में डयूटी करने हेतु पर्याप्त पायलट एवं ईएमटी (इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन) की उपलब्धता नहीं होने से आपातकालीन सेवा संचालन में व्यावहारिक कठिनाइयां उत्पन्न हुईं।
दुर्घटना से प्रभावित व्यक्ति को तत्पश्चात 112 वाहन के माध्यम से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेमरू लाया गया, जहां चिकित्सकीय परीक्षण के दौरान उसे मृत पाया गया। इसके बाद नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को सुरक्षित रखकर उच्च अधिकारियों को घटना की जानकारी दी गई।
जांच प्रतिवेदन में यह स्पष्ट हुआ है कि 108 एम्बुलेंस सेवा एक सतत (24×7) आपातकालीन सेवा है, जिसके सुचारू संचालन के लिए प्रत्येक शिफ्ट में पर्याप्त मानव संसाधन उपलब्ध होना आवश्यक है। संबंधित एजेंसी द्वारा तीनों पालियों के लिए पृथक-पृथक पायलट एवं ईएमटी की व्यवस्था नहीं किए जाने के कारण उक्त स्थिति निर्मित हुई।
मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा 108 संजीवनी एक्सप्रेस के जिला समन्वयक से स्पष्टीकरण प्राप्त करने की कार्रवाई की गई है। साथ ही प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लेमरू में संचालित नवीन 108 संजीवनी एक्सप्रेस के लिए तीनों शिफ्टों में पृथक पायलट एवं ईएमटी की नियुक्ति सुनिश्चित करने हेतु उप संचालक (108), संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं, रायपुर को पत्र प्रेषित किया गया है।
जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा दूरस्थ एवं वनांचल क्षेत्रों में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता और गुणवत्ता को सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जा रही है। घटना के संबंध में प्राप्त तथ्यों के आधार पर आवश्यक सुधारात्मक कदम प्रारंभ कर दिए गए हैं, ताकि भविष्य में किसी भी आपात स्थिति में नागरिकों को और अधिक त्वरित एवं प्रभावी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जनहित से जुड़े प्रत्येक मामले में संवेदनशीलता, जवाबदेही एवं त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करना उसकी सर्वाेच्च प्राथमिकता है तथा स्वास्थ्य सेवाओं के निरंतर सुदृढ़ीकरण की दिशा में प्रभावी प्रयास जारी है।

Continue Reading

कोरबा

मछलियों के संरक्षण हेतु 15 अगस्त तक बंद ऋतु घोषित

Published

on

मत्स्य आखेट पर रहेगा प्रतिबंध,

प्रतिबंधित अवधि पर मछली पकड़ने पर देना होगा 25 हजार रूपये जुर्माना

कोरबा। जिले में वर्षा ऋतु में मछलियों की वंश वृद्धि को ध्यान में रखकर उनके संरक्षण के लिए छत्तीसगढ़ नदीय मत्स्योद्योग अधिनियम के तहत 16 जून से 15 अगस्त तक की अवधि को बंद ऋतु (क्लोज सीजन) घोषित किया गया है। इस अधिनियम के अंतर्गत जिले के सभी तालाबों एवं जल स्त्रोतों जिनका संबंध नदी नालों से नहीं है, के अतिरिक्त जलाषयों में किये जा रहे केज कल्चर को छोड़कर सभी प्रकार के जल संसाधनों में मत्स्याखेट कार्य 16 जून से 15 अगस्त 2026 तक पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा।
सहायक संचालक मछली पालन विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार नियमों का उल्लंघन करने तथा अपराध सिद्ध होने पर छत्तीसगढ़ राज्य मत्स्य क्षेत्र अधिनियम के तहत 25 हजार रूपए का जुर्माने का प्रावधान है। उन्होंने बताया कि उक्त नियम केवल छोटे तालाब या अन्य जल स्रोत जिनका संबंध किसी नदी-नाले से नहीं है और उनके अतिरिक्त जलाशय जिनमें केज कल्चर का कार्य किया जा रहा है, उनमें मत्स्य अधिनियम लागू नहीं होंगे।

Continue Reading

कोरबा

राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के संबंध में बैठक 16 को

Published

on

कोरबा। राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान 28 जून 2026 के संबंध में कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में जिला स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक कलेक्टोरेट सभा कक्ष में दोपहर 01 बजे आयोजित की गई है। सर्व संबंधितों को बैठक में उपस्थित होने कहा गया है।

Continue Reading
Advertisement

Trending

Copyright © 2020 Divya Akash | RNI- CHHHIN/2010/47078 | IN FRONT OF PRESS CLUB TILAK BHAVAN TP NAGAR KORBA 495677