जिले के अंतिम छोर से कलेक्टर ने परखी शिक्षा, स्वास्थ्य सहित शासन की योजनाओं की हकीकत
पीएम जनमन सड़क सहित निर्माणाधीन भवन के कार्य में प्रगति लाते हुए शीघ्र पूर्ण करने के दिए निर्देश
ऐतमानगर जलप्रदाय योजना में कार्य की प्रगति धीमी होने पर नोटिस जारी करने के निर्देश
धान खरीदी केंद्र, गुरसिया व्यपवर्तन का भी कलेक्टर ने किया निरीक्षण
कोरबा। नवपदस्थ कलेक्टर कुणाल दुदावत ने नए साल की शुरुआत के साथ ही आकांक्षी ब्लॉक पोड़ी उपरोड़ा क्षेत्र के दूरस्थ व अंतिम छोर के गाँवों में जाकर शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल सहित शासन की फ्लैगशिप योजनाओं के धरातल पर क्रियान्वयन की स्थितियों का जायजा लिया। कलेक्टर ने जिले की पहचान विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवाओं-बिरहोर बाहुल्य गाँव गुडरुमुडा में चौपाल लगाकर उनकी समस्याओं को सुना और उन्हें दूर करने अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होंने गुडरुमुडा, पोड़ी उपरोड़ा, ऐतमानगर, गुरसिया, सालिहां भाठा, लैंगा और अंतिम छोर पर स्थित पसान तक जाकर आंगनबाड़ी केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, पोषण पुनर्वास केंद्र, बालिका आवासीय छात्रावास, एकलव्य आवासीय विद्यालय, धान खरीदी केंद्र, ऐतमानगर जलप्रदाय योजना, निर्माणाधीन वॉटर फीडर टैंक, निर्माणाधीन पीएम जनमन सड़क, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, निर्माणाधीन विद्यालय भवन, शिक्षकों के आवासीय भवन का निरीक्षण किया और आवश्यक निर्देश दिए। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ दिनेश नाग, सहायक कलेक्टर क्षितिज गुरभेले, एसडीएम पोड़ी उपरोड़ा मनोज बंजारे सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
पीवीटीजी ग्राम गुडरुमुड़ा की समस्याएं होंगी दूर कलेक्टर श्री दुदावत ने पीवीटीजी ग्राम गुडरुमुड़ा में ग्रामीणों के बीच चौपाल लगाकर उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना और चर्चा करते हुए समाधान के निर्देश दिए। कलेक्टर ने महिलाओं से महतारी वंदन योजना, उचित मूल्य की दुकान में खाद्यान्न मिलने, पेयजल, स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली। ग्रामीणों ने राशन दुकान में खराब चावल मिलने की शिकायत की तो कलेक्टर ने जांच के निर्देश दिए। बिरहोर जनजाति की महिला रति बाई ने अपनी सुपुत्री की शारीरिक समस्या बताते हुए उपचार की मांग की तो कलेक्टर ने सोमवार को उसे जिला अस्पताल भेजकर इलाज कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने गुडरुमुडा में पीएम जनमन आवास की जानकारी लेते हुए सभी आवासों में पीएम सूर्यघर स्थापित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्युत विभाग को निर्देशित किया कि घरों तक सर्विस वायर लगाकर मीटर भी लगाएं। कलेक्टर ने यहाँ बन रही पीएम जनमन सड़क के अधूरे कार्य को 10 फरवरी तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। यहाँ सरपंच सहित ग्रामीणों को कलेक्टर ने जागरूक रहकर शासन की योजनाओं का लाभ उठाने और नशे से दूर रहकर शिक्षा के माध्यम से बच्चों का भविष्य बेहतर बनाने की प्रेरणा दी। उन्होंने पीएम जनमन आवास के हितग्राही के आवास और वहाँ स्थापित पीएम सूर्यघर का निरीक्षण किया। कलेक्टर ने पीएम सूर्यघर योजना के फायदे बताते हुए कहा कि इससे अधिक बिजली बिल से मुक्ति मिलने के साथ हितग्राही बिजली का उत्पादन कर दूसरे को बेच भी सकते हैं। उन्होंने गाँव में नेटवर्क की समस्या दूर करने, सड़क में लाइट लगाने के संबंध में भी निर्देश दिए।
अच्छा रिज़ल्ट लाएं और दूसरों के लिए मॉडल बनेः कलेक्टर
कलेक्टर कुणाल दुदावत ने पोड़ी उपरोड़ा मुख्यालय में कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय और एकलव्य आवासीय विद्यालय का निरीक्षण किया और विद्यार्थियों से चर्चा कर उन्हें मिल रही सुविधाओं और समस्याओं की जानकारी ली। कलेक्टर ने विद्यार्थियों को बिना दबाव पढ़ाई कर बेहतर परीक्षा परिणाम लाकर माता-पिता के सपनों को साकार करने, बेहतर भविष्य बनाने और अन्य के लिए आदर्श बनने की प्रेरणा दी। कलेक्टर ने एकलव्य आवासीय विद्यालय के विद्यार्थियों को दसवीं बोर्ड में बेहतर परिणाम लाने प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि एकलव्य विद्यालय के विद्यार्थियों को आदर्श के रूप में देखा जाता है, इसलिए बिना तनाव अच्छे से तैयारी करें। उन्होंने सिलेबस पूर्ण कराने, साइंस विषय की अतिरिक्त कक्षा लगाने, नियमित टेस्ट लेकर सुधार लाने, लेखन कौशल बेहतर बनाने और प्री-बोर्ड प्रश्नपत्र तैयार कर टेस्ट लेने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रधानमंत्री जी के “परीक्षा पर चर्चा“ कार्यक्रम को देखने और दिए गए सुझावों को अपनाने कहा। बेहतर परीक्षा परिणाम लाने पर विद्यार्थियों को इसरो भ्रमण कराने की बात भी कही। निरीक्षण के दौरान कक्षा दसवीं के विद्यार्थी कुणाल ने कलेक्टर को छत्तीसगढ़ की कला-संस्कृति पर आधारित पेंटिंग भेंट की, जिसकी कलेक्टर ने सराहना की। स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ समय पर मरीजों को अवश्य मिले
कलेक्टर श्री दुदावत ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पोड़ी उपरोड़ा और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पसान का निरीक्षण किया। उन्होंने पंजीयन कक्ष, लैब, प्रसव कक्ष, महिला-पुरुष वार्ड, एक्स-रे कक्ष, टीबी, एनसीडी, पीएनजी, वैक्सीन कक्ष, डेंटल, दवा वितरण कक्ष और स्टोर रूम का अवलोकन किया। कलेक्टर ने स्वास्थ्य केंद्रों में मरीजों को दी जाने वाली सुविधाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए। उन्होंने गर्भवती महिलाओं को समय पर सुरक्षित एवं संस्थागत प्रसव कराने के निर्देश दिए। उन्होंने एचआरपी सूची की जानकारी ली। कलेक्टर ने निक्षय निरामय अभियान के तहत टी.बी. की संभावित मरीजों का एक्स-रे करने के निर्देश दिए और 10 किलोमीटर क्षेत्र के संभावित टी.बी.मरीज की पहचान कर एक माह के भीतर एक्स-रे के निर्देश दिए। उन्होंने मितानिनों को 10 किमी क्षेत्र में मरीजों को उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी देने कहा। कलेक्टर ने भर्ती मरीजों से उपचार, चिकित्सक की उपलब्धता, दवा एवं भोजन की जानकारी ली। उन्होंने प्रसव उपरांत माताओं को सुरक्षित मातृत्व अभियान अंतर्गत प्रोटीन युक्त भोजन देने के निर्देश दिए। उन्होंने टीबी मरीजों के रिकॉर्ड का सही संधारण, निक्षय मित्र-पोषण किट की जानकारी तथा दवा-सेवन की ट्रैकिंग के निर्देश दिए। बेहतर उपचार हेतु कॉल सेंटर स्थापित करने के निर्देश भी दिए। एनसीडी के चिकित्सकों को शुगर-हाइपरटेंशन की शत-प्रतिशत स्क्रीनिंग सुनिश्चित करने कहा। जननी सुरक्षा योजना के भुगतान समय पर कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने पोषण पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण कर कुपोषित बच्चों को मेनू अनुसार आहार उपलब्ध कराने एवं टीवी के माध्यम से जागरूकता बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्रों में शासन की योजनाओं का लाभ सुनिश्चित हो। स्टाफ समय पर पहुंचे और सफाई व्यवस्था बेहतर हो। कलेक्टर ने सीएचसी के सामने निर्माणाधीन प्री-बर्थ वेटिंग कक्ष-सामुदायिक भवन को एक सप्ताह में पूर्ण करने के निर्देश दिए। पीएम जनमन की सड़क को शीघ्र पूर्ण करेंः कलेक्टर
कलेक्टर श्री दुदावत ने पीवीटीजी बाहुल्य ग्रामों को जोड़ने वाली पीएम जनमन अंतर्गत निर्माणाधीन सड़कों का निरीक्षण कर कार्य में तेजी लाने और शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने गुरसिया-अंबिकापुर मुख्य मार्ग से ग्राम बहरीझरिया तक लगभग 15 किमी सड़क को 30 मार्च तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने लैंगा से सेमरा-सैला-जिल्दा तक निर्माणाधीन 14.30 किमी सड़क का भी निरीक्षण किया और समयसीमा के भीतर कार्य पूरा करने कहा। पसान के स्कूल भवन और शिक्षक आवास के कार्य में प्रगति के निर्देश
कलेक्टर श्री दुदावत ने पसान में शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला के निर्माणाधीन अतिरिक्त भवन और शिक्षक आवास के कार्यों में प्रगति लाने के निर्देश दिए। उन्होंने अतिरिक्त भवन को अप्रैल तक पूर्ण करने कहा। साथ ही पुराने जर्जर भवन का सर्वे कर डिस्मेंटल करने के निर्देश भी दिए। आमाखोखरा के आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण, बच्चों से संवाद, दी शाबाशी
कलेक्टर श्री दुदावत ने पोड़ी उपरोड़ा के ग्राम आमाखोखरा के आंगनबाड़ी केंद्र भांठापारा का निरीक्षण किया। उन्होंने कार्यकर्ता-सहायिका से बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा की जानकारी ली। बच्चों से आत्मीय संवाद कर नाम, अक्षर-ज्ञान और रंग पहचान से संबंधित प्रश्न पूछे, जिसके उत्तर सुनकर कलेक्टर मुस्कुराए और शाबाशी दी। निरीक्षण के दौरान ग्रोथ चार्ट, पोषित-कुपोषित बच्चों की स्थिति, नाश्ता वितरण, पोषण ट्रैकर, शैक्षणिक सामग्री एवं खिलौनों का अवलोकन किया। पंजीकृत गर्भवती एवं शिशुवती माताओं की जानकारी, मातृत्व वंदना योजना तथा पूरक पोषण आहार व्यवस्था की भी समीक्षा की। ऐतमानगर समूह जल प्रदाय योजना का कलेक्टर ने किया गहन निरीक्षण, गति बढ़ाने के निर्देश निर्माण की धीमी प्रगति पर नोटिस जारी करने का निर्देश ऐतमानगर में जल जीवन मिशन अंतर्गत जल प्रदाय योजना के तहत निर्माणाधीन 28.5 एमएलडी क्षमता के जल शुद्धिकरण संयंत्र का कलेक्टर श्री दुदावत ने निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माणाधीन इकाइयों की स्थिति की समीक्षा की और धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए ठेकेदार विंध्य टेली लिंक लिमिटेड को नोटिस जारी करने कहा। उन्होंने परियोजना की समयबद्धता सुनिश्चित करने हेतु मैनपावर बढ़ाकर तेजी से कार्य करने एवं गुणवत्ता मानकों का पालन करने के निर्देश दिए। पीएचई के ईई ने बताया कि ऐतमानगर जल प्रदाय योजना पोंड़ीउपरोड़ा और पाली विकासखंड के लगभग 245 ग्राम लाभान्वित होंगे। धान खरीदी केंद्र पोड़ी उपरोड़ा का निरीक्षण, व्यवस्था सुधारने के निर्देश कलेक्टर श्री दुदावत ने धान खरीदी केंद्र पोड़ी उपरोड़ा का निरीक्षण कर खरीदी स्थिति की जानकारी ली और पिछले वर्ष की तुलना में प्रगति देखी। उन्होंने बारदाना उपलब्धता, टोकन जारीकरण और स्टैकिंग व्यवस्था की समीक्षा की। कलेक्टर ने धान बोरियों का वजन कर भौतिक सत्यापन किया और समय पर उठाव सुनिश्चित करने कहा। उन्होंने कहा कि किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो और खरीदी प्रक्रिया पारदर्शी एवं सुचारु रहे। अधिकारियों को साप्ताहिक निरीक्षण और सत्यापन के निर्देश दिए। गुरसिया व्यपवर्तन योजना का निरीक्षण, समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण कार्य के निर्देश कलेक्टर श्री दुदावत ने गुरसिया व्यपवर्तन योजना के अंतर्गत फीडर टैंक, वियर, नहरों और अन्य संरचनाओं का स्थल निरीक्षण किया। उन्होंने कार्यों की प्रगति की समीक्षा कर आगे की कार्ययोजना पर चर्चा की। कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्य निर्धारित मापदंडों के साथ उच्च गुणवत्ता से निर्धारित समयसीमा में पूर्ण किए जाएं, ताकि योजना का लाभ समय पर आमजन तक पहुंच सके।
कोरबा। जिले के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल सतरेगा पिकनिक स्पॉट के रिसॉर्ट में सुबह उस वक्त पर्यटनों एवं कर्मचारियों में हड़कंप मच गया, जब विद्युत मीटर बोर्ड के पीछे करीब 8 फीट लंबा किंग कोबरा छिपकर बैठा मिला। किंग कोबरा की जानकारी मिलते ही रेस्ट हाउस के मैनेजर इस्तीखार खान ने तत्काल वन विभाग एवं नोवा नेचर संस्था के सदस्य जितेंद्र सारथी को सूचना दिया, जिसके बाद सारथी ने अपने अजगर बहार के स्थानीय टीम के सदस्य कमलेश, देवेंद्र, राम, गौतम, दिल ,नरेश, देव मरावी को तत्काल सतरेगा के लिए रवाना कर साथ ही इसकी जानकारी कोरबा वनमंडलाधिकारी जितेंद्र उपाध्याय दिया एवं उनके निर्देशानुसार उपवनमण्डलाधिकारी रामसिंह राठिया उत्तर के मार्गदर्शन एवं बालकों रेंजर जयंत सरकार के नेतृत्व में जितेंद्र सारथी एवं सिद्धांत जैन कोरबा से रेस्क्यू के लिए मौके पर पहुंच कर सर्वप्रथम विद्युत विभाग को सूचना देकर बिजली को बंद करवाया गया, फिर पूरी सावधानी के साथ रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया, किंग कोबरा सर्किट बोर्ड के पीछे बेहद संकरी जगह में छिपा हुआ था, जिसके कारण उसे बाहर निकालना टीम के लिए काफी चुनौतीपूर्ण रहा। लगभग एक घंटे की कड़ी मशक्कत और सावधानी के बाद टीम ने करीब 8 फीट लंबे किंग कोबरा को सफलतापूर्वक सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
रेस्क्यू के दौरान किंग कोबरा को देखने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटकों की भीड़ लग गई, इतने फुर्तीले और लंबे सांप को देख कर लोग जिज्ञासा वश फोन से वीडियो बनाने से नहीं चुके, साथ ही मौजूद लोगों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा गया, सफल रेस्क्यू के बाद पंचनामा के पश्चात किंग कोबरा को उसके उपयुक्त प्राकृतिक आवास में सुरक्षित रूप से छोड़ दिया गया।
कोरबा जिले के लेमरू, बालको , पसरखेत , करतला, कुदमुरा एवं आसपास के वन क्षेत्रों से पिछले कुछ समय से छोटे आकार के किंग कोबरा लगातार सामने आ रहे हैं, छोटे किंग कोबरा का बार-बार मिलना इस क्षेत्र में इनके प्राकृतिक प्रजनन और अनुकूल आवास की उपलब्धता का सकारात्मक संकेत माना जा सकता है, साथ ही यह बात भी सिद्ध करता हैं कि एक ही सांप बार बार रेस्क्यु नहीं हो रहे बल्कि सभी किंग कोबरा दूसरे से भिन्न हैं। हालांकि, क्षेत्र में इनकी वास्तविक संख्या और आबादी की स्थिति निर्धारित करने के लिए वैज्ञानिक अध्ययन आवश्यक है।
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि अब स्थानीय लोगों में भी किंग कोबरा और अन्य वन्यजीवों के प्रति जागरूकता और संवेदनशीलता बढ़ रही है। आज किसी क्षेत्र में किंग कोबरा दिखाई देने पर लोग उसे मारने या नुकसान पहुंचाने के बजाय तुरंत वन विभाग अथवा प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम को सूचना देते हैं। सूचना का समय पर मिलना और सांप का सुरक्षित रेस्क्यू होकर पुनः प्राकृतिक आवास में छोड़ा जाना वन्यजीव संरक्षण और मानव-वन्यजीव सह-अस्तित्व की दिशा में एक सकारात्मक उदाहरण है।
वन विभाग एवं नोवा नेचर ने आम लोगों से अपील की है कि किंग कोबरा या किसी भी सांप के दिखाई देने पर उससे दूरी बनाए रखें और स्वयं पकड़ने या नुकसान पहुंचाने का प्रयास न करें, तत्काल प्रशिक्षित स्नेक रेस्क्यू टीम को सूचना दें।
जर्जर सड़कों की शीघ्र मरम्मत और सड़क सुरक्षा के लिए गति अवरोधक व संकेतक लगाने के निर्देश
कोरबा। जिला पंचायत कोरबा के सभाकक्ष में बुधवार को जिला पंचायत की सामान्य सभा की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. पवन कुमार सिंह ने की। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत प्रतीक जैन उपस्थित रहे। बैठक में जिले में संचालित विभिन्न विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं एवं विकास कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। इस दौरान कृषि विभाग, लोक निर्माण विभाग एवं जल संसाधन विभाग द्वारा संचालित कार्यों की जानकारी ली गई तथा आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
समीक्षा के दौरान वर्षा ऋतु के बाद ग्रामीण क्षेत्रों में जर्जर एवं क्षतिग्रस्त हुई सड़कों की स्थिति पर चर्चा की गई। जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीणों की आवागमन सुविधा को ध्यान में रखते हुए ऐसी सड़कों की शीघ्र मरम्मत एवं सुधार कराने की आवश्यकता बताई। इस पर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करते हुए सड़कों की मरम्मत एवं सुधार कार्य प्राथमिकता से कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में सड़क सुरक्षा के विषय पर भी चर्चा करते हुए दुर्घटनाओं की संभावना को कम करने के लिए आवश्यक स्थानों पर गति अवरोधक एवं सड़क संकेतक लगाने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिले के पेयजल अभावग्रस्त क्षेत्रों में पेयजल उपलब्धता सुनिश्चित करने को लेकर भी चर्चा हुई। जनप्रतिनिधियों ने आवश्यकता वाले क्षेत्रों में बांगो डेम से पेयजल उपलब्ध कराने की बात रखी। इस संबंध में संबंधित विभागों को क्षेत्र की आवश्यकता, तकनीकी संभावनाओं एवं व्यवहारिक पहलुओं का परीक्षण करते हुए आवश्यक कार्रवाई करने पर जोर दिया गया।
इस दौरान विभिन्न विभागों के अधिकारियों द्वारा अपने-अपने विभागों के अंतर्गत संचालित योजनाओं, उपलब्धियों, कार्यों की प्रगति तथा हितग्राहियों को दिए जा रहे लाभों की जानकारी प्रस्तुत की गई। जनप्रतिनिधियों द्वारा अपने-अपने क्षेत्रों से संबंधित आवश्यकताओं एवं ग्रामीणों की समस्याओं को बैठक में रखा गया, जिस पर अधिकारियों को नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती निकिता मुकेश जायसवाल, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती रेणुका राठिया, श्रीमती शांति मरावी, श्रीमती सुष्मिता अनंत कमलेश, श्रीमती सावित्री अजय कंवर, श्रीमती सुषमा रवि रजक, विनोद कुमार यादव, श्रीमती माया रूपेश कंवर, कौशल नेटी एवं विद्वान सिंह मरकाम, उपसंचालक पंचायत मिथलेश किसान सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
कोरबा, 10 सितम्बर 2026। जिले में 17 सितम्बर से 17 अक्टूबर 2026 तक आयोजित होने वाले ‘सेवा संकल्प अभियान’ के सफल एवं समयबद्ध क्रियान्वयन, कार्ययोजना तैयार करने तथा प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए जिला स्तरीय टास्क फोर्स समिति का गठन किया गया है। कलेक्टर कुणाल दुदावत समिति के अध्यक्ष होंगे, जबकि मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत कोरबा को नोडल अधिकारी बनाया गया है। जिला स्तरीय समिति में पुलिस अधीक्षक, वन मंडलाधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, खाद्य अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी, जिला मिशन समन्वयक समग्र शिक्षा, सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग, कार्यपालन अभियंता जल संसाधन विभाग, कार्यपालन अभियंता लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, जिला परिवहन अधिकारी, सहायक संचालक जनसंपर्क तथा मुख्य नगर पालिका अधिकारी नगर पालिका परिषद कोरबा को सदस्य बनाया गया है। अभियान के अंतर्गत जिले में विभिन्न जनभागीदारी एवं सेवा गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार अभियान के दौरान ‘आशीर्वाद का दीया’, ‘जनसेवक महाकुंभ-पंचायत से पार्लियामेंट’, ‘नमो सेवा गाथा’ नुक्कड़ नाटक, ‘सेवा ज्योति यात्रा’ और ‘जल जन सेवा संकल्प’ जैसी गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इन गतिविधियों के सफल संचालन के लिए संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर शासकीय अमले एवं उपलब्ध संसाधनों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। अभियान के दौरान आयोजित होने वाली प्रत्येक गतिविधि का फोटो एवं वीडियो अभिलेखीकरण करते हुए जिलेवार प्रगति प्रतिवेदन नियमित रूप से राज्य स्तर पर प्रस्तुत किया जाएगा। प्रचार-प्रसार एवं सोशल मीडिया गतिविधियों में शासन द्वारा निर्धारित हैशटैग, फ्रेम एवं लोगो का ही उपयोग करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही सभी आयोजनों में वित्तीय मितव्ययिता बरतते हुए उपलब्ध शासकीय संसाधनों एवं अधोसंरचना का उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा। जिला स्तरीय टास्क फोर्स समिति अभियान की गतिविधियों के प्रभावी क्रियान्वयन, विभागों के बीच समन्वय तथा निर्धारित कार्यक्रमों की सतत मॉनिटरिंग करेगी। अभियान का उद्देश्य जनसेवा के प्रति प्रतिबद्धता को और मजबूत करते हुए जनभागीदारी के माध्यम से सेवा एवं विकास गतिविधियों को प्रभावी रूप से जन-जन तक पहुंचाना है।