कोरबा
जिले के सभी स्कूल, आंगनबाड़ी, आश्रम छात्रावासों में गैस सिलेंडर से भोजन बनाने हेतु तैयारियां पूर्ण करने के दिए निर्देश
जाति प्रमाण पत्र से छूटे विद्यार्थियों को लाभान्वित करने आगामी ग्राम सभा में आवेदनों का कराएं अनुमोदनः कलेक्टर वसंत
पीएम जनमन योजना से पीवीटीजी लोगों को आधार, आयुष्मान कार्ड व वन अधिकार पट्टा से लाभांवित करने हेतु किया निर्देशित
आयुष्मान पखवाड़ा अंतर्गत शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में अभियान चलाकर छूटे लोगों का बनाया जाए आयुष्मान कार्ड
पंचायतो के अपूर्ण निर्माण कार्यो को शीघ्रता से पूर्ण कराने के दिए निर्देश
कलेक्टर ने ली समय सीमा की बैठक
कोरबा । कलेक्टर अजीत वसंत की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय सीमा की बैठक आयोजित हुई। उन्होंने जिले में स्वीकृत महत्वपूर्ण विकास कार्यों एवं जनहितकारी गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की और संबंधित विभागों से कार्य में प्रगति लाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि आगामी माह से जिले के सभी प्राथमिक व माध्यमिक शाला, आंगनबाड़ी, आश्रम-छात्रावासों में भोजन बनाने के लिए गैस सिलेंडर की व्यवस्था जिला प्रशासन द्वारा किया जा रहा है। इससे जिले के 2000 से ज्यादा स्कूल, 2500 से ज्यादा आंगनबाड़ी, 200 से अधिक आश्रम छात्रावास लाभान्वित होंगे। इन संस्थाओं में जलावन हेतु गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जाएगा साथ ही रिफलिंग की भी व्यवस्था की जाएगी। कलेक्टर ने कहा कि आगामी माह से सभी संस्थाओं में गैस सिलेंडर से भोजन बनाना सुनिश्चित किया जाए। इस हेतु सम्बंधित विभाग प्रमुखों को आवश्यक सभी तैयारियां पूर्ण करने के लिए निर्देशित किया। कलेक्टर ने दस्तावेज के अभाव में जाति प्रमाण पत्र से वंचित शेष विद्यार्थियों का आगामी 02 अक्टूबर को जिले में होने वाले ग्राम सभा मे आवश्यक दस्तावेज की पूर्ति कराकर अनुमोदन कराने के निर्देश दिए। साथ ही सभा से अनुमोदन हुए आवेदनों का शीघ्रता से प्रमाण पत्र बनाने हेतु अधिकारियों को निर्देशित किया।
कलेक्टर ने पीएम जनमन योजना अंतर्गत पीवीटीजी समुदायों के वंचित लोगों को शत प्रतिशत आधार व आयुष्मान कार्ड से लाभान्वित करने के निर्देश दिए। साथ ही ग्राम सभा से अनुमोदन कराकर इन समुदाय के पात्र हितग्राहियों को वनाधिकार पट्टा से भी लाभांवित करने के लिए कहा। बैठक में कलेक्टर ने कहा कि जिले में 30 सितम्बर तक चलने वाले आयुष्मान पखवाड़े अंतर्गत शहरी व ग्रामीण क्षेत्रो में अभियान चलाकर छूटे हुए लोगो का आयुष्मान कार्ड बनाना सुनिश्चित करें। इस दौरान आधार अपडेशन का कार्य भी पूर्ण किया जाए। उन्होंने लक्ष्य पूर्ति हेतु सम्बंधित विभागों को आवश्यक तैयारियां रखने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने सभी स्वास्थ्य अधिकारियों को ओपीडी समय पर केंद्र में उपस्थित रहकर आमजनो को स्वास्थ्य लाभ पहुचाने के निर्देश दिए। साथ ही ओपीडी समय में किसी प्रकार की बैठक आयोजित नही करने हेतु स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देशित किया। उन्होंने मुख्यमंत्री स्कूल जतन योजना अंतर्गत स्कूलों में किए गए मरम्मत कार्यो का गुणवत्ता रिपोर्ट देने के लिए बनाई गई समिति को शीघ्रता से जांच पूर्ण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए कहा। उन्होंने एसडीएम द्वारा सरपंचों से अप्रारम्भ व अपूर्ण शासकीय कार्यो की राशि की वसूली में भी प्रगति लाने के लिए कहा।
कलेक्टर ने बैठक में हाथी प्रभावित क्षेत्रों में सोलर हाईमास्ट लाइट, हॉस्टल में सोलर प्लांट लगाने, विद्युत विहीन गांवों में विद्युत आपूर्ति, पहुँच विहीन स्कूल, छात्रावासों तक पहुँच मार्ग निर्माण, कॉलेज, हाई और हायर सेकंडरी स्कूलों में वाहन स्टैंड, पंचायतों में बाजार शेड का निर्माण के संबंध में निर्देश दिए। उन्होंने सभी जनपद सीईओ को पंचायतो में चल रहे निर्माण कार्यो का सचिवों से नियमित रूप से समीक्षा करने एवं अपूर्ण कार्यो को शीघ्रता से पूर्ण कराने हेतु निर्देशित किया। उन्होंने राखड़ परिवहन में लगे वाहनों से निर्देशों का पालन कराने एवं अवैध डंपिंग पर गम्भीरता से कार्यवाही करने की बात कही। साथ ही सभी विभागों को स्क्रैप वाहनों के निस्तारण हेतु प्रक्रिया प्रारम्भ करने के लिए कहा। अनुकंपा नियुक्ति के प्रकरणों के निराकरण में तेजी लाने एवं निलंबित कर्मचारियों की विभागीय जांच भी शीघ्रता से पूर्ण करने हेतु अधिकारियों को निर्देशित किया। बैठक में कलेक्टर ने भू-अर्जन से संबंधित विभागों के रिकॉर्ड दुरुस्तीकरण में भी प्रगति लाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने विभागवार टीएल के लंबित प्रकरणों, लोक सेवा गारंटी के आवेदनों , पीएम जनदर्शन सीएम जनदर्शन के शिकायतों, राजस्व न्यायालयों, नगरीय निकायों के अंतर्गत प्रकरणों की समीक्षा की और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। इस अवसर पर वनमंडलाधिकारी कोरबा अरविंद पीएम, नगर निगम आयुक्त श्रीमती प्रतिष्ठा ममगाई, अपर कलेक्टर दिनेश कुमार नाग, समस्त एसडीएम, जनपद सीईओ सहित अन्य सभी अधिकारी उपस्थित थे।
कोरबा
रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़े गए सहायक ग्रेड-02 प्रदीप मिश्रा निलंबित
कोरबा। कार्यालय उप पुलिस अधीक्षक, एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी), बिलासपुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार एसीबी/ईओडब्ल्यू इकाई बिलासपुर द्वारा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित अधिनियम 2018) के अंतर्गत दर्ज अपराध क्रमांक 0/2026 की कार्रवाई में कार्यालय विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी, पोड़ी उपरोड़ा में पदस्थ सहायक ग्रेड-02 प्रदीप मिश्रा को 29 मई 2026 को प्रार्थी अमृत बघेल से 40,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया।

एसीबी की कार्रवाई के बाद आरोपी मिश्रा को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा द्वारा यह माना गया कि उनका यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के प्रावधानों के विपरीत है।
फलस्वरूप, प्रदीप मिश्रा, सहायक ग्रेड-02, कार्यालय विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी, पोड़ी उपरोड़ा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय कार्यालय विकासखण्ड शिक्षा अधिकारी, कटघोरा निर्धारित किया गया है। उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शासकीय कार्यों में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के प्रति शून्य सहिष्णुता की नीति अपनाई जा रही है तथा ऐसे मामलों में नियमानुसार कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
कोरबा
अगले तीन घंटे में तूफानी बारिश के आसार
कोरबा। मौसम विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार अगले तीन घंटों में कोरबा सहित छत्तीसगढ़ के रायगढ़, सक्ती और सरगुजा के कुछ इलाकों में तूफानी बारिश के आसार हैं। तेज हवाओं के साथ भारी बारिश एवं बिजली गिरने की संभावना मौसम विभाग ने जताई है।

कोरबा
संस्कृत विषय बचाओ अभियान: घोषणा को अमल में लाने संस्कृत शिक्षकों ने शिक्षा मंत्री को सौंपा ज्ञापन
कोरबा। प्रदेश अध्यक्ष दौलत राम साहू के नेतृत्व में संघ के पदाधिकारी नोयन कुमार बुडेक, मनोज कुमार वर्मा, डॉ नारायण प्रसाद, गंगाराम साहू, हेमंत कुमार हिरवानी, दुर्गेश कुमार साहू, कुलेश्वर प्रसाद, दिनेश मंडावी, सुनील महार, ईश्वरी यदु कामिनी पिल्लई, रेणुका लदेर, शारदा साहू, सुरेखा सेन, सोमप्रभा साहू सहित प्रदेश के पांच शिक्षा संभाग के शिक्षक एवं शिक्षिकाएं भारतीय संविधान में आठवीं अनुसूची की भाषा एवं राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 की भावना के अनुरूप संस्कृत विषय के संवर्धन एवं संरक्षण हेतु उल्लेख किया गया है को ध्यान में रखते हुए गजेंद्र यादव शिक्षा मंत्री द्वारा 30 अप्रैल को विधानसभा से घोषणा किया गया कि संस्कृत भाषा को अनिवार्य कर रहे हैं, जिनका लघु चलचित्र सोशल मीडिया पर बहुत प्रसारित हैं।

इसे देख सुनकर प्रदेश भर के संस्कृत शिक्षकों में शासन की सौहार्द्रपूर्ण निर्णय से हर्ष की लहर है। संस्कृत भारतीय ज्ञान परंपरा, सभ्यता और संस्कार परक एक राष्ट्रभाषा है, जिनमें सनातन संस्कृति पूर्ण रूप से समाहित है। संघ के पदाधिकारियों द्वारा 10 मई एवं 26 मई 2026 को नवा रायपुर स्थित एम -14 आवास में शिक्षा मंत्री से मुलाकात कर घोषणा के धरातल पर क्रियान्वयन के लिए शीघ्र अति शीघ्र शासकीय आदेश जारी करवाने हेतु मांग पत्र सौपा, जिससे शिक्षक आश्वस्त हो जावे तथा मंत्री द्वारा संस्कृत विषय को अनिवार्य करने विभागीय अधिकारी को निर्देश दिए यह शिक्षकों के लिए बहुत बड़ा पुरस्कार है, किन्तु आज पर्यन्त कोई कार्यवाही नहीं हुई है। पदाधिकारियों ने आगे बताया कि इस पावन कार्य के लिए निरंतर प्रदेश के जिला शिक्षा अधिकारी, जिला कलेक्टर, विधायकगण, वित्त मंत्री, उच्च शिक्षा मंत्री, विधानसभा अध्यक्ष डॉक्टर रमन सिंह, उपमुख्यमंत्री अरूण साव, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय , राज्यपाल रमेन डेका , संचालक लोक शिक्षण संचालनालय, मुख्य सचिव छत्तीसगढ़ शासन, सचिव स्कूल शिक्षा विभाग, संचालक राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद, सचिव छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल, सचिव सहायक संचालक छत्तीसगढ़ संस्कृत विद्या मण्डलम्, प्रदेश संयोजक व अध्यक्ष अधिकारी कर्मचारी फेड़रेशन कमल वर्मा, सांसद बृजमोहन अग्रवाल, डॉ अतुल कोठारी राष्ट्रीय सचिव शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास नई दिल्ली, आयुक्त राज्य परियोजना कार्यालय समग्र शिक्षा सहित 50 से भी अधिक आवेदन बारंबार संस्कृत विषय को पूर्व की भांति अनिवार्य करने तथा नवीन व्यावसायिक शिक्षा को सातवें विषय के रूप में रखने के लिए मांग पत्र ज्ञापन सौपा गया था। 25 अगस्त 2025 को शिक्षा मंत्री की समीक्षा बैठक में एससीईआरटी रायपुर को कक्षा छठवीं से लेकर कक्षा दसवीं का संस्कृत विषय को अनिवार्य करने निर्देशित भी किया गया था। इसी क्रम में 07 सितंबर 2025 को सरयू पारिण भवन मठपुरेना में आयोजित विराट संस्कृत विद्वत सम्मेलन में उपस्थित मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और विधानसभा अध्यक्ष डॉ रमन सिंह को भी मांग पत्र सौपा गया था। वहां पर अध्यक्ष ने अपने उद्बोधन में कहा कि संस्कृत संकल्प का विषय है विकल्प का नहीं। संस्कृत भाषा के साथ अन्याय नहीं होगा। एक तरफ पूरा विश्व संस्कृत भाषा के महत्व को अपना रहा है। अपने देश के विद्यालय, महाविद्यालय एवं विश्वविद्यालयों में संस्कृत भाषा को अनिवार्य शिक्षा कर रहे हैं तथा अनुच्छेद 351 आठवीं अनुसूची की भाषाओं के सम्मान के लिए बनाया गया है।
-
Uncategorized8 months agoसुमेधा पुल पर लुट कांड सहित तीन अलग अलग जगह पर लुटकांड करने वाले आरोपी पुलिस के गिरफ्त में,,,दो आरोपी नाबालिक,,,देखे पूरी खबर
-
कोरबा3 years agoकटघोरा विधायक पुरूषोत्तम कंवर के गुर्गों द्वारा दिव्य आकाश कर्मियों पर हमला की कोशिश
-
कोरबा2 years agoग्राम पंचायत पोड़ी के पूर्व सरपंच सचिव पर गबन के आधार पर अधिरोपित राशि 3341972/- रुपये शीघ्र वसूल हो- कय्युम बेग
-
कोरबा2 years agoकुसमुंडा खदान में डंपर पलट कर लगी आग, सरकारी गाड़ी में कोयला और डीजल चोर सवार थे, जलने से दोनों गंभीर
-
कोरबा2 years agoश्रीमती स्वाति दुबे का निधन
-
छत्तीसगढ़2 years agoबिलासपुर में अपोलो अस्पताल के 4 सीनियर डॉक्टर अरेस्ट
-
कोरबा3 years agoकटघोरा जनपद की 25 करोड़ की जमीन उनके करीबी कांग्रेसियों की 25 लाख में कैसे हो गई?
-
कोरबा3 years agoदर्री में 1320 मेगावाट विद्युत परियोजना के लिए नई सरकार गठन के बाद होगी पर्यावरणीय जनसुनवाई
