बेंगलुरु,एजेंसी। कांग्रेस नेता राहुल गांधी मंगलवार को कर्नाटक के विजयनगर में समर्पण संकल्प रैली में पहुंचे हैं। कार्यक्रम में उन्होंने 1 लाख 11 हजार 111 लोगों को घर के मालिकाना हक के डिजिटल डॉक्यूमेंट सौंपे।
राहुल ने कहा- हमने आपसे जो 5 वादे किए थे, वो सब पूरे किए। बीजेपी के लोगों ने कहा कि कांग्रेस पार्टी ये वादे पूरे नहीं करेगी। प्रधानमंत्री ने भी कहा ये काम नहीं किए जाएंगे। लेकिन हमने करके दिखाए।
कर्नाटक सरकार आज 1 लाख परिवारों को उनकी जमीन का मालिकाना हक देने जा रही है। जो इंदिरा गांधी का सपना था, उसको पूरा करने के लिए हमने बड़ा कदम लिया है। 2 हजार बस्तियों को हम राजस्व गांव कर रहे हैं।
प्रदेश में कांग्रेस की सरकार के 2 साल पूरे होने पर कार्यक्रम का आयोजन हुआ। इसमें घुमंतू, अर्ध-घुमंतू और ग्रामीण खेतिहर समुदायों को जमीन के सरकारी डॉक्यूमेंट्स दिए गए। इनकी बस्तियां सार्वजनिक या निजी जमीन पर थी।
अब इनको ‘रेवेन्यू विलेज’ यानी राजस्व गांव का दर्जा मिलेगा। इससे इन लोगों को कानूनी तौर पर अपने घर का मालिकाना हक मिलेगा। 2015 में कर्नाटक दौरे के दौरान राहुल गांधी ये वादा किया था।
कर्नाटक में 224 में से 135 सीटों पर जीत के साथ कांग्रेस की सरकार बनी। तस्वीर 20 मई 2023 के शपथ ग्रहण समारोह की है।
राहुल ने पांच वादे याद दिलाए, बोले- हमने सब वादे पूरे किए
राहुल ने लोगों से कहा कि दो साल पहले चुनाव के समय हमने 5 गारंटी देने के वादे दिए थे।
पहला वादा- गृह लक्ष्मी 2 हजार रुपए प्रति महीना 2 करोड़ महिलाओं को मिली। आज में कह सकता हूं कि करोड़ों की महिलाओं के बैंक अकाउंट में सरकार के पैसा डालती है।
दूसरा वादा- गृह ज्योति योजना थी जिसमें करोड़ों परिवारों क 200 यूनिट बिजली फ्री दी जाएगी।
तीसरा वादा- अन्नभाग्या योजना, जिसमें 4 करोड़ लोगों को 10 किलो अनाज देने का वादा था।
चौथा वादा- शक्ति योजना जिसमें हमने गारंटी करके कहा था। कि महिलाओं को बस में जाने के लिए पैसा नहीं देना पड़ेगा। फ्री में बस में घूमेंगी। हमने 400 बस ट्रिप्स मुफ्त में दी हैं।
पांचवां वादा- युवा निधि स्कीम यहां हम युवाओं का महीने का 3 हजार रुपए देते हैं।
राहुल के भाषण की प्रमुख बातें…
1. कांग्रेस ने आपका पैसा आपको वापस दिया:
राहुल ने कहा कि हमने आपसे कहा था हम कर्नाटक के गरीब लोगों के बैंक अकाउंट में पैसा डालेंगे। और आज हजारों करोड़ रुपए सीधे आपके बैंक अकाउंट में जाता है। ये पैसा आपने अपने बच्चों की शिक्षा और स्वास्थ्य में डाल रहे हैं। यही हम चाहते थे जो आपका धन है आपकी जेब में वापस जाए।
2. भाजपा के मॉडल में सिर्फ 2-3 अरबपतियों को फायदा मिलता है:
राहुल ने कहा कि हम चाहते हैं कि कर्नाटक की गरीब जनता की जेब में सीधा पैसा जाए। जब हम पैसा आपके जेब में डालते हैं तो ये पैसा मार्केट में जाता है। इससे प्रोडक्शन बढ़ती है और गांव-गांव में पैसा का इंजेक्शन होता है। इस पैसा को आप अपने गांव और शहरों में खर्च करते हो। इस पैसे से कर्नाटक की अर्थव्यवस्था और फायदा मिलता है।
बीजेपी चाहती है कि चुने हुए लोगों को देश का पूरा धन मिले। बीजेपी के मॉडल में 2-3 अरबपतियों को पैसा पहुंचा दिया जाता है। ये अरबपति अपना पैसा गांव-कस्बों में खर्च नहीं करते हैं। लंदन और न्यूयॉर्क में असेट खरीदते हैं। आपका पैसा चुने हुए लोगों के हाथों में चला जाता है।
3. भाजपा रोजगार खत्म करती है, हम पैदा करते हैं:
राहुल ने कहा कि भाजपा के मॉडल में रोजगार खत्म होता है। हमारे मॉडल में रोजगार पैदा होता है। उनके मॉडल में आप बीमार होते हैं तो आपको कर्ज में डूबना पड़ता है। हमारे मॉडल में आप बीमार होते हैं तो आपके जेब में इलाज के लिए पैसा होता है। उनके मॉडल में लाखों-करोड़ रुपए में प्राइवेट-स्कूल और यूनिवर्सिटी को देते हो। लाखों परिवारों को कर्ज में जाना पड़ता है। हमारे मॉडल में हम आपको पैसा देते हैं। जब हम 5 गारंटी की बात कर रहे थे मैंने एक और मुद्दा उठाया है।
4. हमने लोगों को जमीन का हक देकर छठी गारंटी पूरी की:
राहुल गांधी ने कहा कि मुझे पता लगा था कि कर्नाटक में ऐसे बहुत सारे लोग है जिनके पास जमीन है लेकिन मालिकाना हक नहीं है। दलित, आदिवासी लोगों को रेवेन्यू विलेज माना ही नहीं जाता था। ये लोग गांव में रहते थे लेकिन हक नहीं मिलता है। इसमें हर जात और धर्म के लोग थे। इनको मालिकाना हक नहीं था, प्रॉपर्टी अधिकार नहीं था। सरकार की कोई फैसिलिटी नहीं मिलती थी।
सालों से ये परिवार उस जमीन पर रहे रहे हैं। मगर उनको अपनी ही जमीन का अधिकार नहीं था। ये मामला मैंने कांग्रेस पार्टी के सीनियर नेताओं के उठाया। मैंने कहा- कर्नाटक में जिनके पास भी जमीन हो उसके पास मालिकाना हक जरूर हो। आज मैं बहुत खुशी के साथ कह सकता हूं कि हम छठी गारंटी को भी पूरा करने में सफल हुए।
राजस्व मंत्री बोले- 2023 से 1 लाख से ज्यादा लोगों को लाभ मिला
कर्नाटक सरकार में राजस्व मंत्री कृष्णा बायरे गौड़ा ने कहा- यह भारत का सबसे बड़ा टाइटल डीड (जमीन या मकान के मालिकाना हक का कानूनी डॉक्यूमेंट) वितरण कार्यक्रम है। करीब 6 लाख लोगों को इसका फायदा मिलेगा। कार्यक्रम में कांग्रेस सरकारी की 2 साल की मेहनत लोगों को समर्पित की जाएगी। हम भविष्य के लिए नई संकल्प के साथ आगे बढ़ रहे हैं।
उन्होंने बताया- 2017 से 2019 तक करीब 36,000 टाइटल डीड्स जारी हुए। 2019 से 2023 तक 72,000 डॉक्यूमेंट दिए गए। 2023 से अब तक दो साल में कांग्रेस सरकार ने 1 लाख से ज्यादा परिवारों को घर का मालिकाना हक दिया है। अगले 6 महीने में बाकी 50,000 लोगों को भी डॉक्यूमेंट दिए जाएंगे।
हर परिवार को डिजिटल खतौनी मिलेगा कृष्णा बायरे गौड़ा ने डिजिटल डॉक्यूमेंट के बारे में कहा- अब जो टाइटल डीड्स मिल रहे हैं, वो डिजिटल फॉर्मेट में होंगे। इससे डॉक्यूमेंट खोने, फटने या फर्जीवाड़े की समस्या नहीं होगी। सरकार हर डॉक्यूमेंट को ग्राम पंचायत की ऑनलाइन संपत्ति रजिस्टर से सीधे लिंक कर रही है। यानी हर परिवार को अब डिजिटल खतौनी (खाता) भी मिलेगा, जिससे कोई उन्हें आसानी से जमीन या घर से बेदखल नहीं कर सकेगा।
मंत्री ने बताया- 2017 से 2023 के बीच जारी किए गए 1.2 लाख टाइटल डीड में से केवल 5,000 को ही ग्राम पंचायत के रिकॉर्ड में शामिल किया गया। बाकी लोग स्थानीय स्तर पर शोषण का शिकार होते रहे। अब नई डिजिटल व्यवस्था के तहत हर डॉक्यूमेंट्स सीधे ही रजिस्टर में जुड़ जाएगा।
रायबरेली, एजेंसी। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने रायबरेली में बुधवार को बैठक में कैबिनेट मंत्री मनोज पांडेय को अपने मोबाइल पर टूटी सड़कें दिखाईं। राहुल ने डिस्ट्रिक्ट डेवलपमेंट कोऑर्डिनेटिंग कमेटी (दिशा) की मीटिंग में जर्जर सड़कों और गड्ढों की तस्वीरें दिखाकर PWD अधिकारियों और डीएम से पूछा कि सड़कों की हालत ऐसी क्यों है?
राहुल ने कहा कि जब सरकार फंड दे रही है तो काम क्यों नहीं हो रहा है? आप लोग क्या कर रहे हैं? इस मीटिंग में ऊंचाहार से BJP विधायक मनोज पांडेय, एमएलसी और राज्य मंत्री दिनेश प्रताप सिंह भी मौजूद थे।
कलेक्ट्रेट में करीब ढाई घंटे बैठक से पहले राहुल ने सुबह जनता दरबार लगाया, जहां महिला कांग्रेस नेता ने उन्हें राखी बांधी। राहुल ने यहां सपा नेताओं ने भी मुलाकात की।
कार्यक्रमों के बाद राहुल लखनऊ रवाना हो गए, जहां से वे दिल्ली जाएंगे। 2024 में सांसद बनने के बाद राहुल का यह 8वां रायबरेली दौरा था। इससे पहले वे 19-20 मई को दो दिवसीय दौरे पर आए थे।
राहुल मंगलवार दोपहर दिल्ली से एयर इंडिया की फ्लाइट से लखनऊ पहुंचे थे। पहली बार में विमान लैंड नहीं कर पाया था। 25 मिनट हवा में चक्कर लगाने के बाद दूसरे प्रयास में विमान ने लैंडिंग की थी।
रायबरेली में सर्राफा कारोबारी के घर बैठक के दौरान राहुल ने बच्ची से हाथ मिलाया। महिलाओं ने उन्हें बुके दिया।
रायबरेली में राहुल गांधी के जनता दरबार के दौरान भुएमऊ गेस्ट हाउस पर लोगों की भारी भीड़ उमड़ी।
रायबरेली में राहुल गांधी ने 3 करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इनमें बारात घर, ट्रांसफॉर्मर और सड़कें शामिल हैं।
सपा विधायकों ने प्रदर्शन किया, पोस्टर लहराए
रायबरेली में सपा विधायक राहुल लोधी, श्याम सुंदर भारती ने दिशा की मीटिंग के दौरान हॉल के बाहर प्रदर्शन किया। हालांकि, राहुल के पहुंचने से पहले पुलिस ने उनसे पोस्टर और बैनर छीन लिए।
पोस्टर पर लिखा था- स्कूल बंद, फर्जी मुकदमे लिखे जा रहे, जमीनों पर कब्जे हो रहे हैं। जिले में आम लोगों की समस्याएं जस की तस हैं, तो ऐसे में दिशा की बैठक का क्या औचित्य है?
रायबरेली में हरचंदपुर से सपा विधायक राहुल लोधी और बछरावां से सपा विधायक श्याम सुंदर भारती ने पोस्टर-बैनर लेकर दिशा बैठक हॉल के बाहर प्रदर्शन किया।
सांसद-जनप्रतिनिधि अफसरों से सरकारी योजनाओं को लेकर सवाल करते हैं। जनता को योजनाओं का फायदा मिल रहा है या नहीं, काम में देरी को लेकर जवाब मांगते हैं।
‘दिशा’ (DISHA) बैठक की अध्यक्षता क्षेत्र के सांसद करते हैं। इसमें जिले के सभी विधायक, डीएम, एसपी और सभी सरकारी विभागों के बड़े अफसर एक साथ बैठते हैं।
राहुल ने मंत्री के सामने दिखाए खराब सड़कों के वीडियो
दिशा बैठक के दौरान अपने मोबाइल में राहुल गांधी ने रायबरेली की सड़कों के गड्ढे दिखाए। इस दौरान कैबिनेट मंत्री मनोज पांडे भी वीडियो देखते रहे। राहुल गांधी ने PWD विभाग के अधिकारियों और डीएम से इन सड़कों की बदहाली को लेकर सवाल पूछा। राहुल ने पूछा कि जिले की सड़कें इतनी खराब क्यों हैं? जब सरकार फंड दे रही है तो सड़कों पर काम क्यों नहीं हो रहा है। पूरे जिले के मुख्स मार्ग और ग्रामीण लिंक रोड बहुत खराब हैं। इसे लेकर क्या कर रहे हैं?
नागोया/नई दिल्ली, एजेंसी। एशियन गेम्स की शुरुआत से 10 दिन पहले जापान के नागोया में बाढ़ आ गई। स्थिति यह बनी की एशियन गेम्स में भाग लेने आए 400 खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ को सुरक्षित जगहों पर ले जाया गया।
बाढ़ में नागोया शहर की सड़कें और घर डूब गए। मेयर इचिरो हिरोसावा ने दावा किया कि एशियन गेम्स के लिए कोई चिंता की बात नहीं है। टूर्नामेंट का आयोजन तय समय पर होगा।
नागोया में 19 सितंबर को एशियन गेम्स की ओपनिंग सेरेमनी होनी है।
नागोया बाढ़ की तस्वीरें…
बाढ़ के पानी में सड़कें डूब गई हैं।
बाढ़ में फंसी गाड़ी को धक्का मारते लोग।
नागोया में बाढ़ के पानी में गाडियों के टायर डूब गए।
3500 लोगों ने इमरजेंसी शेल्टर में शरण ली
बस और मेट्रो सेवाएं कुछ समय के लिए प्रभावित रहीं। करीब 3,500 लोगों ने इमरजेंसी शेल्टर में शरण ली। नागोया और इची में एशियन गेम्स 19 सितंबर से 4 अक्टूबर तक होने हैं।
रिपोर्ट- वेन्यू में कुछ जगह छतों से पानी टपक रहा
जापानी मीडिया में शहर की सड़कों और मेट्रो स्टेशनों में भरे पानी की तस्वीरें दिखाई गईं। न्यूज एजेंसी AP की रिपोर्ट के मुताबिक, वेन्यू की कुछ जगहों पर छतों से पानी टपकने की घटनाएं भी हुईं। हालांकि मेयर हिरोसावा ने कहा कि एशियन गेम्स के दर्जनों वेन्यू को गंभीर नुकसान नहीं हुआ है।
भारत गेम्स में 768 सदस्यीय दल भेज रहा
खेल मंत्रालय ने जापान के आइची और नागोया में होने वाले 20वें एशियन गेम्स के लिए 503 खिलाड़ी और 255 सपोर्ट स्टाफ भेजने की जानकारी दी है। सपोर्ट स्टाफ में कोच, मैनेजर, फिजियो और मेडिकल टीम आदि शामिल है।
36 खेलों में उतरेगा भारत: पहले 35 खेलों के 492 एथलीटों को मंजूरी दी गई थी, लेकिन 4 सर्फर्स सहित नए नाम जुड़ने से अब भारत 36 खेलों में हिस्सा लेगा।
एथलेटिक्स दल में सबसे बड़ी बढ़ोतरी: एथलेटिक्स टीम के खिलाड़ियों की संख्या 73 से बढ़ाकर 79 कर दी गई है। एथलेटिक्स और क्रिकेट को सबसे ज्यादा सपोर्ट स्टाफ दिया गया है।
दल के प्रमुख अधिकारी: दल प्रमुख के रूप में सहदेव यादव और मुख्य मेडिकल अधिकारी के रूप में डॉ. दिनशॉ पार्डीवाला भारतीय दल का नेतृत्व करेंगे।
भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम 19 सितंबर को रवाना होगी
डिफेंडिंग चैंपियन भारत एशियन गेम्स के लिए टीम घोषित कर चुका है। श्रेयस अय्यर की कप्तानी वाली टीम में युवा क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी भी शामिल हैं। भारतीय टीम 19 सितंबर को सानो के लिए रवाना होगी। इसगे अगले दिन टीम प्रैक्टिस सेशन में हिस्सा लेगी।
महिला क्रिकेट टीम पहले पहुंचेगी
हरमनप्रीत कौर की कप्तानी वाली भारतीय महिला क्रिकेट टीम दुबई में एशिया कप खेलने के बाद 13 सितंबर को भारत लौटेगी और 14 सितंबर को नागोया के लिए रवाना होगी।
महिला टीम एशियन गेम्स में सीधे क्वार्टर फाइनल से अभियान शुरू करेगी। उसका पहला मुकाबला 18 सितंबर को होगा। महिलाओं का यह टूर्नामेंट 22 सितंबर तक चलेगा।
गेम्स में ठहरने की व्यवस्थाओं पर भी विवाद था
इससे पहले खबर आई थी कि BCCI और PCB गेम्स के आयोजकों से नाराज है। मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया कि खिलाड़ियों को स्टेडियम से 20 किमी दूर छोटे होटल कमरों में ठहराया गया है, जहां बैग खोलने तक की जगह नहीं है। वहीं ड्रेसिंग रूम पक्के मकान की जगह टेंट में बने हैं और वॉशरूम 500 मीटर दूर है।
इसपर JCA के CEO नाओकी एलेक्स मियाजी ने कहा था- ‘हमने क्रिकेट टीम को होटल का विकल्प दिया है। जबकि कई अन्य खेलों के खिलाड़ियों के लिए क्रूज शिप या कंटेनर होटल जैसी सीमित सुविधाएं हैं।’
प्लेयर एरिया में टॉयलेट की सुविधा उपलब्ध रहेगी। मैदान पर बने ड्रेसिंग रूम भले ही अस्थाई हों, लेकिन इन्हें इस तरह तैयार किया गया है कि खिलाड़ियों और अधिकारियों को पूरा आराम मिले।
पिच और आउटफील्ड कम समय में सीमित संसाधनों के बीच तैयार की गई है। यह एशियन गेम्स के इतिहास में क्रिकेट की सबसे बेहतरीन प्लेइंग सरफेस होगी। श्रीलंकाई क्यूरेटर्स की मदद से यहां टर्फ और हाइब्रिड पिच तैयार की जा रही है।
नई दिल्ली, एजेंसी। बिहार में गंगा समेत 8 नदियां उफान पर हैं। राज्य के 14 जिलों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है। इससे करीब 35.89 लाख लोग प्रभावित हैं। कोसी, गंडक और घाघरा नदियां लाल निशान से ऊपर बह रही हैं। सारण में माही नदी पर बना जमींदारी बांध टूटने से स्थिति गंभीर हो गई है।
उत्तर प्रदेश में बारिश के चलते लखीमपुर और बरेली में कक्षा 8 तक के सभी स्कूलों में छुट्टी कर दी गई है। वाराणसी में प्री-प्राइमरी से कक्षा 5 तक के सभी स्कूल बंद रहेंगे, जबकि कक्षा 6 से 12 तक के स्कूल सुबह 9 बजे से दोपहर 3 बजे तक चलेंगे। आज वाराणसी और प्रयागराज समेत 23 जिलों में बारिश का अलर्ट है।
उत्तराखंड के पौड़ी में लैंडस्लाइड के कारण घरों और दुकानों में दरारें आ गई हैं। पहाड़ी जिलों में भारी बारिश की संभावना को देखते हुए यलो अलर्ट जारी किया गया है।
इधर, मध्य प्रदेश में मानसून ने एक बार फिर 3 दिन का ब्रेक लिया है। मौसम विभाग, भोपाल ने 11 सितंबर तक प्रदेश में कहीं भी भारी बारिश का अनुमान नहीं जताया है।
सैटेलाइट मैप में देखें मानसूनी बादलों की स्थिति
देशभर से मौसम की तस्वीरें
बिहार के भागलपुर के राघोपुर में 10 लोगों से भरी नाव गंगा नदी में समा गई। SDRF की टीम ने सभी को बचा लिया।
झारखंड में धनबाद के सिजुआ में मंगलवार को जमीन धंस गई। इस घटना में दो बच्चों समेत करीब छह महिलाएं घायल हो गईं।
बिहार के खगड़िया में बाढ़ के बीच खाने का इंतजाम करते लोग।
उत्तराखंड के पौड़ी में लैंडस्लाइड से घरों और दुकानों में दरारें आ गई।
उत्तराखंड में चंपावत के घाट-पनार मार्ग पर पहाड़ी से बोल्डर गिरने से कार क्षतिग्रस्त हुई।
बिहार में बाढ़ से 40 लाख लोग प्रभावित
बिहार में पिछले 5 दिनों से हो रही तेज बारिश के बाद 14 जिलों में 40.21 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। कई नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। आपदा प्रबंधन विभाग के मुताबिक, 14 जिलों के 84 प्रखंडों की 514 ग्राम पंचायतों में बाढ़ का असर है।
छत्तीसगढ़: दो-तीन दिन में बदल सकता है मौसम
छत्तीसगढ़ में अभी बारिश की एक्टिविटी कम है, लेकिन अगले 2-3 दिनों में मौसम का मिजाज बदल सकता है। मौसम विभाग के मुताबिक, कल यानी 10 सितंबर से पूरे प्रदेश में बारिश की एक्टिविटी बढ़ने के आसार हैं।
पंजाब: 3 जिलों में बारिश के आसार
पंजाब और चंडीगढ़ में मानसून कमजोर पड़ गया है। आज पठानकोट, रूपनगर और होशियारपुर को छोड़कर ज्यादातर हिस्सों में बारिश की संभावना नहीं है। इन तीन जिलों में भी कुछ स्थानों पर ही हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। राज्य के अधिकतर हिस्सों में मौसम शुष्क रहेगा।
हरियाणा: 10 से ज्यादा शहरों में पारा 35°C पार
हरियाणा में मानसून की रफ्तार सुस्त पड़ते ही पश्चिमी हवाओं ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। मौसम विभाग के मुताबिक, राज्य में औसतन अधिकतम तापमान सामान्य से करीब 1.9 डिग्री सेल्सियस अधिक दर्ज किया गया है। प्रदेश के 10 से अधिक प्रमुख शहरों व केंद्रों में अधिकतम पारा 35 डिग्री सेल्सियस के आंकड़े को पार कर गया है।
बिहार: 14 जिलों के 36 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित
बिहार में गंगा समेत 8 नदियां अभी भी उफान पर हैं। राज्य के 14 जिलों के 62 प्रखंडों की 491 पंचायतों में बाढ़ की गंभीर स्थिति बनी हुई है। इससे करीब 35.89 लाख लोग प्रभावित हैं। गंगा के अलावा कोसी, गंडक और घाघरा नदियां भी लाल निशान से ऊपर बह रही हैं। सारण में माही नदी पर बना जमींदारी बांध टूटने से स्थिति गंभीर हो गई है।
मध्य प्रदेश: मानसून का ब्रेक…3 दिन भारी बारिश नहीं
मध्य प्रदेश में मानसून ने एक फिर 3 दिन का ब्रेक लिया है। मौसम केंद्र (IMD ) भोपाल ने 11 सितंबर तक प्रदेश में कहीं भी अति भारी या भारी बारिश का अनुमान नहीं जताया है। इसी दिन पश्चिम-मध्य और उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में एक लो प्रेशर एरिया (कम दवाब का क्षेत्र) एक्टिव होगा। जिसका अगले दिन यानी, 12 सितंबर से असर दिखना शुरू होगा।
राजस्थान: 3 दिन बाद बारिश की संभावना
राजस्थान में मानसून के कमजोर होने के कारण तीन दिन बारिश की संभावना नहीं है। मौसम विभाग के अनुसार 11 सितंबर से एक नया लो-प्रेशर सिस्टम बंगाल की खाड़ी में बनेगा, जिसके असर से 12 सितंबर से पूर्वी जिलों में हल्की बारिश का दौर शुरू हो सकता है