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कोरबा

कमलेश सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों कर्मचारियों ने थामा कोयला मजदूर पंचायत (HMS) का दामन, केंद्रीय नेतृत्व की उपस्थिति में हुआ भव्य आयोजन

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कोरबा। SECL चिरमिरी क्षेत्र के गोदरीपारा (कुकड़ा) में आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में संगठन को उस समय बड़ी मजबूती मिली जब कमलेश सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों कोयला कर्मचारियों ने औपचारिक रूप से कोयला मजदूर पंचायत (HMS) की सदस्यता ग्रहण की ।

​इस गरिमामयी बैठक में SECL (केंद्रीय) कार्यकारिणी के शीर्ष पदाधिकारियों ने विशेष रूप से शिरकत कर नए सदस्यों का संगठन में स्वागत किया ।

​बैठक में उपस्थित प्रमुख केंद्रीय पदाधिकारी रेशम लाल यादव अध्यक्ष (केंद्रीय SECL), अख्तर जावेद उस्मानी उप महामंत्री (केंद्रीय SECL), विनय सिंह महामंत्री (केंद्रीय SECL), संजय सिंह मंत्री/सचिव (केंद्रीय SECL), सुनील पांडेय मंत्री/सचिव (केंद्रीय SECL), अनिरुद्ध सिंह उपाध्यक्ष (केंद्रीय SECL), मकसूद संगठन सचिव (केंद्रीय SECL)

​बैठक के दौरान वक्ताओं ने श्रमिक हितों की रक्षा और संगठन के विस्तार पर बल दिया बड़ी संख्या में कर्मचारियों का कोयला मजदूर पंचायत (HMS) से जुड़ना यह स्पष्ट करता है कि मजदूरों का विश्वास इस संगठन के प्रति लगातार मजबूत हो रहा है ।

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कोरबा

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर श्री सप्तदेव मंदिर बना वृंदावन धाम : 33वें जन्माष्टमी महोत्सव में उमड़ा आस्था का सैलाब, 40 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने किए श्रीकृष्ण के दर्शन

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कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन, पूर्व राजस्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल एवं महापौर संजू देवी राजपूत सहित अनेक गणमान्यजनों ने किया दर्शन
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने घोष वंदन किया
भव्य झांकियों, भजन-कीर्तन, श्रीकृष्ण जन्मोत्सव एवं नंदोत्सव ने श्रद्धालुओं को कराया वृंदावन की अनुभूति

कोरबा। श्री सप्तदेव मंदिर, कोरबा में प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव इस वर्ष अपने 33वें वर्ष में अभूतपूर्व भव्यता, श्रद्धा, आस्था एवं धार्मिक उल्लास के साथ सम्पन्न हुआ। जन्माष्टमी के पावन अवसर पर पूरा श्री सप्तदेव मंदिर परिसर ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो कोरबा में ही वृंदावन धाम साकार हो उठा हो।

भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं एवं सनातन धर्म की गौरवशाली परंपराओं पर आधारित भव्य एवं जीवंत झांकियों, आकर्षक विद्युत सज्जा, भजन-कीर्तन, श्रीकृष्ण जन्मोत्सव, नंदोत्सव, आतिशबाजी एवं धार्मिक कार्यक्रमों ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। इस अवसर पर 40 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने श्री सप्तदेव मंदिर पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन किए और पूजा-अर्चना कर सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की।

कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन सहित अनेक गणमान्यजनों ने किया दर्शन

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री लखनलाल देवांगन, पूर्व राजस्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल, कोरबा की महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत, नरेन्द्र देवांगन सहित अनेक जनप्रतिनिधि, सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के पदाधिकारी तथा विभिन्न समितियों के सदस्य श्री सप्तदेव मंदिर पहुंचे।

सभी गणमान्यजनों ने भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन एवं पूजा-अर्चना कर जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने मंदिर परिसर में बनाई गई भव्य एवं जीवंत झांकियों का अवलोकन किया तथा पूरे आयोजन की भव्यता, धार्मिक वातावरण एवं श्रद्धालुओं के लिए की गई उत्कृष्ट व्यवस्थाओं की मुक्तकंठ से प्रशंसा की।

गणमान्य अतिथियों एवं विभिन्न सामाजिक-धार्मिक संस्थाओं के पदाधिकारियों ने मोदी परिवार एवं कृष्णा ग्रुप को धर्म, संस्कृति एवं सनातन परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर किए जा रहे कार्यों के लिए बधाई देते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन नई पीढ़ी को अपनी धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

1994 से चली आ रही परंपरा ने लिया विराट स्वरूप

श्री सप्तदेव मंदिर में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की परंपरा वर्ष 1994 से प्रारंभ हुई थी। उस समय भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं पर आधारित छोटी-छोटी झांकियों के माध्यम से जन्माष्टमी उत्सव मनाया जाता था। समय के साथ श्रद्धालुओं एवं समाज के सहयोग से यह परंपरा निरंतर विस्तारित होती गई और आज यह आयोजन कोरबा के प्रमुख धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों में अपना विशिष्ट स्थान बना चुका है।

आज जन्माष्टमी के अवसर पर केवल कोरबा ही नहीं, बल्कि जिले एवं आसपास के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु श्री सप्तदेव मंदिर पहुंचते हैं। नगरवासियों एवं भक्तों को इस भव्य आयोजन का वर्षभर बेसब्री से इंतजार रहता है।

भव्य झांकियों ने कराया वृंदावन एवं सनातन संस्कृति का सजीव दर्शन

इस वर्ष श्री सप्तदेव मंदिर परिसर में भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, रामायण एवं महाभारत के प्रसंगों तथा सनातन धर्म की विविध आध्यात्मिक एवं धार्मिक कथाओं पर आधारित अत्यंत आकर्षक एवं जीवंत झांकियां सजाई गईं।

इनमें प्रमुख रूप से—

  • कारागार में भगवान श्रीकृष्ण का जन्म
  • वासुदेव जी द्वारा श्रीकृष्ण को यमुना पार ले जाने का दृश्य
  • पूतना वध
  • वकासुर वध
  • श्री राधा-कृष्ण की मनमोहक झांकी
  • भगवान श्रीकृष्ण का विराट स्वरूप
  • गोवर्धन पर्वत को अपनी उंगली पर धारण करते भगवान श्रीकृष्ण
  • भगवान श्रीकृष्ण के दशावतार
  • श्री खाटू श्याम जी
  • मां श्री राणी सती दादी
  • द्रोपदी चीरहरण
  • श्रीराम शिला एवं रामसेतु निर्माण करते नल-नील
  • अशोक वाटिका में माता सीता
  • अयोध्या का भव्य श्रीराम मंदिर
  • काशी का श्रीकृष्ण मंदिर
  • तथा प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय द्वारा नशामुक्ति एवं सामाजिक जागरूकता पर आधारित जीवंत झांकियां विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं।

इन झांकियों के माध्यम से श्रद्धालुओं को भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं के साथ-साथ रामायण, महाभारत एवं सनातन धर्म की विविध आध्यात्मिक परंपराओं का सजीव दर्शन हुआ।

40 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने किए भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन

जन्माष्टमी के अवसर पर सुबह से ही श्री सप्तदेव मंदिर में श्रद्धालुओं का आगमन प्रारंभ हो गया था। जैसे-जैसे दिन आगे बढ़ता गया, मंदिर परिसर एवं आसपास का क्षेत्र श्रद्धालुओं से भरता गया।

पूरे दिन भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन एवं झांकियों के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। देर रात तक भक्तों का उत्साह बना रहा। अनुमानतः 40 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने इस पावन अवसर पर श्री सप्तदेव मंदिर पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन किए।

‘लड्डू गोपाल सजाओ प्रतियोगिता’ में महिलाओं ने दिखाया उत्साह

जन्माष्टमी उत्सव के एक दिन पूर्व मंदिर परिसर में महिलाओं के लिए ‘लड्डू गोपाल सजाओ प्रतियोगिता’ का आयोजन किया गया। महिलाओं ने अत्यंत श्रद्धा एवं उत्साह के साथ अपने-अपने लड्डू गोपाल को आकर्षक रूप से सजाया।

प्रतियोगिता में महिलाओं की बड़ी संख्या में सहभागिता रही और पूरे परिसर में भक्ति एवं उत्सव का वातावरण बना रहा।

नन्हे-मुन्ने बच्चों ने धारण किया श्रीकृष्ण एवं राधा का रूप

जन्माष्टमी के दिन बच्चों के लिए विशेष ‘श्रीकृष्ण बनो प्रतियोगिता’ आयोजित की गई। दोपहर 3 बजे प्रारंभ हुई इस प्रतियोगिता में नगर के अनेक बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

प्रतियोगिता को तीन वर्गों में विभाजित किया गया—

0 से 2 वर्ष — ‘शिशु कृष्ण बनो’
3 से 5 वर्ष — ‘बालकृष्ण बनो’
5 से 10 वर्ष — ‘राधा-कृष्ण बनो’

नन्हे-मुन्ने बच्चे श्रीकृष्ण, राधा एवं बाल गोपाल के मनमोहक स्वरूप में सजकर पहुंचे तो पूरा वातावरण आनंद एवं वात्सल्य से भर उठा। प्रत्येक वर्ग में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कार प्रदान किए गए, जबकि अन्य प्रतिभागियों को सांत्वना पुरस्कार एवं प्रशस्ति पत्र देकर प्रोत्साहित किया गया।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने घोष वंदन करके भक्ति के साथ-साथ राष्ट्रीय सेवा का सुंदर माहौल बनाया, विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस पर भी विशेष आयोजन

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के साथ ही विश्व हिंदू परिषद के स्थापना दिवस के अवसर पर भी मंदिर परिसर में धार्मिक एवं सामाजिक भावनाओं के साथ कार्यक्रम आयोजित किया गया। विश्व हिंदू परिषद से जुड़े पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

शुभम गोयल के भजनों से देर रात तक भक्तिरस में डूबा मंदिर परिसर

सायंकाल होते ही मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ती गई। रात्रि 9 बजे से 1 बजे तक प्रसिद्ध भजन गायक शुभम गोयल द्वारा मधुर भजन-कीर्तन की प्रस्तुति दी गई।

भजनों की मधुर धुनों पर श्रद्धालु देर रात तक भक्तिरस में सराबोर रहे। पूरा मंदिर परिसर ‘राधे-राधे’, ‘जय श्रीकृष्ण’ एवं भगवान श्रीकृष्ण के जयकारों से गूंजता रहा।

भव्य आतिशबाजी से गूंजा आकाश, जयकारों से झूम उठा मंदिर

भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की खुशी में रात्रि 11 बजे भव्य आतिशबाजी की गई। रंग-बिरंगी आतिशबाजी से आकाश जगमगा उठा और मंदिर परिसर में उपस्थित हजारों श्रद्धालुओं ने जयकारों के साथ श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की खुशी मनाई।

रात्रि 12 बजे शंखनाद एवं बैंड-बाजे के साथ हुआ श्रीकृष्ण जन्मोत्सव

रात्रि 12 बजते ही वह पावन क्षण आया, जिसका श्रद्धालुओं को पूरे दिन इंतजार था। जैसे ही भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का समय हुआ, मंदिर परिसर शंखनाद, घंटियों, बैंड-बाजे, जयकारों एवं बधाइयों से गूंज उठा।

भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के साथ ही पूरे मंदिर परिसर में उल्लास की लहर दौड़ गई। श्रद्धालुओं ने एक-दूसरे को श्रीकृष्ण जन्म की बधाई दी और नंदोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इसके पश्चात श्रद्धालुओं के बीच माखन-मिश्री का प्रसाद वितरित किया गया।

प्रशासन एवं विभिन्न संस्थाओं का मिला सराहनीय सहयोग

श्रद्धालुओं की भारी संख्या को देखते हुए जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन द्वारा सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था के लिए विशेष सहयोग प्रदान किया गया। महिला पुलिस बल, पुरुष पुलिस बल एवं यातायात पुलिस के जवानों ने मंदिर परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों में व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

नगर पालिक निगम, कोरबा द्वारा स्वच्छता एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं में सराहनीय सहयोग दिया गया। वहीं बिजली विभाग द्वारा भी निर्बाध विद्युत व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया गया।

धर्म, संस्कृति एवं सामाजिक चेतना का संगम बना श्री सप्तदेव मंदिर

इस वर्ष का जन्माष्टमी महोत्सव केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें सनातन संस्कृति, धार्मिक शिक्षा, सामाजिक जागरूकता, बाल संस्कार एवं सामाजिक समरसता का सुंदर समन्वय देखने को मिला।

भव्य झांकियों से जहां भगवान श्रीकृष्ण एवं सनातन संस्कृति की गौरवगाथा का दर्शन हुआ, वहीं बच्चों की प्रतियोगिताओं ने नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं से जोड़ने का संदेश दिया।

मोदी परिवार एवं कृष्णा ग्रुप की धार्मिक-सामाजिक प्रतिबद्धता की हुई सराहना

जन्माष्टमी महोत्सव में शामिल हुए जनप्रतिनिधियों, सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के पदाधिकारियों तथा श्रद्धालुओं ने मोदी परिवार एवं कृष्णा ग्रुप द्वारा वर्षों से धर्म एवं संस्कृति के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की सराहना की।

उन्होंने कहा कि श्री सप्तदेव मंदिर में आयोजित होने वाला जन्माष्टमी महोत्सव आज केवल एक परिवार या संस्था का आयोजन नहीं, बल्कि कोरबा की धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है। जिस श्रद्धा, समर्पण एवं व्यवस्थित ढंग से इस आयोजन को निरंतर भव्य स्वरूप प्रदान किया जा रहा है, वह अनुकरणीय है।

श्री सप्तदेव मंदिर परिवार ट्रस्ट ने व्यक्त किया आभार

श्री सप्तदेव मंदिर परिवार ट्रस्ट ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी महोत्सव को सफल बनाने में प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग प्रदान करने वाले सभी श्रद्धालुओं, सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों, प्रशासनिक अधिकारियों, पुलिस एवं यातायात विभाग, नगर पालिक निगम, बिजली विभाग तथा विभिन्न समितियों के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया।

ट्रस्ट ने विशेष रूप से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल, प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय, श्री योग वेदांत सेवा समिति, पतंजलि योग पीठ समिति, छत्तीसगढ़ प्रांतीय अग्रवाल महिला संगठन, अखिल भारतीय मारवाड़ी महिला समिति, छत्तीसगढ़ प्रांतीय अग्रवाल संगठन, अग्रवाल सभा कोरबा, हिंदू नारायणी सेना कोरबा एवं श्री सप्तदेव मंदिर महिला मंडल सहित सभी सहयोगी संस्थाओं एवं समितियों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की।

ट्रस्ट ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की कृपा, श्रद्धालुओं की आस्था, समाज एवं विभिन्न संस्थाओं के सहयोग तथा प्रशासन के समन्वय से ही यह भव्य आयोजन सफल हो सका।

श्री सप्तदेव मंदिर परिवार ट्रस्ट ने सभी श्रद्धालुओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति, सनातन संस्कृति एवं धार्मिक परंपराओं की यह ज्योत निरंतर प्रज्वलित रहे और आने वाली पीढ़ियां भी अपनी गौरवशाली संस्कृति एवं संस्कारों से जुड़ी रहें—यही इस आयोजन का मूल उद्देश्य है।

जय श्रीकृष्ण।

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कोरबा

220 केवी विद्युत लाइन के एल्युमिनियम केबल चोरी का खुलासा, ठेकेदार के यार्ड में हुई थी चोरी

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उरगा पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार, चोरी में प्रयुक्त ट्रैक्टर एवं मोटरसाइकिल सहित लगभग 1 टन तार बरामद

कोरबा। उरगा क्षेत्र अंतर्गत मिश्रा ट्रेडर्स के यार्ड के अंदर खुले क्षेत्र में रखे 220 केवी विद्युत लाइन के एल्युमिनियम केबल की चोरी के मामले में थाना उरगा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे एवं उसके बताए स्थान से चोरी किए गए एल्युमिनियम तार तथा घटना में प्रयुक्त वाहन बरामद किए हैं।

लगभग 01 टन एल्युमिनियम तार चोरी कर कबाड़ी को बेचा

प्रकरण में प्रार्थी द्वारा दिनांक 05.09.2026 को थाना उरगा में रिपोर्ट दर्ज कराई गई कि दिनांक 31.08.2026 की रात्रि लगभग 10:30 बजे के बाद मिश्रा ट्रेडर्स के यार्ड में रखे 220 केवी विद्युत लाइन के एल्युमिनियम तार, जिसकी लंबाई लगभग 15 मीटर प्रति बिट बताई गई थी, चोरी हो गए हैं। चोरी गए तार की अनुमानित कीमत लगभग 1 लाख रुपये बताई गई।रिपोर्ट पर थाना उरगा में अपराध क्रमांक 494/2024, धारा 303(2) बीएनएस, सहपठित धारा 3(5) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।

मुखबिर सूचना पर आरोपी तक पहुंची पुलिस

विवेचना के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि राकेश पटेल, निवासी भिलाई खुर्द, अपने बाड़ी में चोरी का केबल छिपाकर रखा हुआ है। सूचना की तस्दीक हेतु पुलिस टीम द्वारा कार्रवाई की गई।संदेही राकेश पटेल से पूछताछ करने पर उसने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर मिश्रा ट्रेडर्स के यार्ड से एल्युमिनियम केबल चोरी करने की बात स्वीकार की। आरोपी के कथन के अनुसार चोरी किए गए केबल को उसके घर के पीछे बाड़ी में ले जाकर उसका एल्युमिनियम अलग किया गया तथा बाद में कबाड़ी को बेच दिया गया।

चोरी में प्रयुक्त वाहन एवं लगभग 1 टन तार बरामद

आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने घटना में प्रयुक्त: मोटरसाइकिल क्रमांक CG 12 BT, 7571, ट्रैक्टर क्रमांक CG 12 BB 0653, लगभग 01 टन जीआई तार/चोरी का तार बरामद कर विधिवत जब्त किया है। बरामद संपत्ति को पुलिस कब्जे में लिया गया है।

आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजने की कार्रवाई

प्रकरण में आरोपी के विरुद्ध गिरफ्तारी योग्य पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर राकेश पटेल, पिता स्व. राम प्रसाद पटेल, उम्र 30 वर्ष, निवासी भिलाई खुर्द पुल के पास, थाना उरगा, जिला कोरबा को दिनांक 05.09.2026 को शाम 17:20 बजे गिरफ्तार किया गया।गिरफ्तारी की सूचना आरोपी के परिजनों को दी गई तथा आरोपी को गिरफ्तारी के आधार से अवगत कराया गया। प्रकरण की विवेचना जारी है तथा शेष आरोपियों एवं चोरी की संपत्ति के संबंध में भी विवेचना की जा रही है।थाना उरगा पुलिस की त्वरित कार्रवाई से विद्युत सामग्री चोरी के प्रकरण का खुलासा करते हुए महत्वपूर्ण बरामदगी की गई है।

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कोरबा

Teachers play a vital role in nation-building and shaping the personality of students: Hon’ble Governor Shri Ramen Deka

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Dronacharya Sangam Teacher Felicitation Ceremony held at SECL DAV School, Bilaspur

Bilaspur/Korba. A Dronacharya Sangam Teacher Felicitation Ceremony was organised at SECL DAV School, Bilaspur. Hon’ble Governor of Chhattisgarh, Shri Ramen Deka, graced the programme as the Chief Guest.

The programme commenced with the garlanding of the portrait of Dr. Sarvepalli Radhakrishnan, the second President of India and eminent educationist, by Hon’ble Governor Shri Ramen Deka and other dignitaries. The guests also remembered his invaluable contribution to the field of education.

During the ceremony, teachers from all DAV schools functioning under the various operational areas of SECL were felicitated for their outstanding contribution and dedication.

Addressing the gathering, Hon’ble Governor of Chhattisgarh, Shri Ramen Deka, said that student life is an important phase in an individual’s life, during which teachers play a significant role in shaping students’ knowledge, personality and future. He said that the lessons imparted by teachers continue to influence students throughout their lives.

He told the students that there are no shortcuts to success and that consistent hard work, discipline and dedication are essential to achieve success. He encouraged students to stay away from procrastination and laziness and emphasised that the process of learning should never end. An individual should always remain willing to learn something new.

The Hon’ble Governor said that one should not think about what society has done for us, but rather reflect on what we have done for society. He called upon students to understand their responsibilities towards society and the nation and to utilise their knowledge and abilities to make a positive contribution.

The ceremony was attended by Shri Sunil Jain, Commissioner, Bilaspur Division; Shri Biranchi Das, Director (Human Resources), SECL; Shri Himanshu Jain, Chief Vigilance Officer, SECL; Shri K. Parthipan, Principal, SECL DAV Bilaspur; Smt. Maulika Mukherjee, ARO, DAV Bilaspur Region; and Smt. Suchitra Sharma, Principal, SECL DAV Korba, among other dignitaries. Collector Shri Sanjay Agrawal, Senior Superintendent of Police Shri Rajnesh Singh, along with senior officials of SECL and the District Administration, were also present on the occasion.

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