मादक पदार्थों की उपलब्धता, उपयोग और बिक्री पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
नशीले पदार्थों के विरुद्ध ’जीरो टॉलरेंस की नीति से करें कार्यः- कलेक्टर’
नगरीय क्षेत्र में अभियान चलाकर कोटपा एक्ट का पालन सुनिश्चित कराने किया निर्देशित
जनसमुदाय की भागीदारी से स्कूलों में नशामुक्ति पर गतिविधियां आयोजित करने के निर्देश
नशामुक्ति और सहायता के लिए राज्यस्तरीय टोल-फ्री नंबर 14446 व एंटी नारकोटिक्स हेल्पलाइन 1933 सक्रिय
कोरबा। जिले में मादक पदार्थों की उपलब्धता, उपयोग एवं अवैध बिक्री पर प्रभावी रोक लगाने के उद्देश्य से कलेक्टर कुणाल दुदावत की अध्यक्षता में आज कलक्ट्रेट सभाकक्ष में नारकोटिक्स को-ऑर्डिनेशन समिति की बैठक आयोजित की गई। उन्होंने नशीले पदार्थों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाने एवं अवैध रूप से मादक पदार्थों की बिक्री, भंडारण या उपयोग में संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने समस्त पंजीकृत चिकित्सकों को साइकोट्रापिक पर्ची ट्रिप्लीकेट (तीन प्रति) में जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्टोर्स में स्वापक एवं मनः प्रभावी दवाइयों के क्रय विक्रय व पंजीकृत डॉक्टर की पर्ची एवं स्टॉक का मिलान की जांच सुनिश्चित करने की बात कही। इस हेतु मेडिकल स्टोर्स की औषधि निरीक्षक व पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा नियमित जांच करने के निर्देश दिए। जिले के सभी मेडिकल स्टोरों में सीसीटीवी कैमरे अनिवार्य रूप से लगाए जाएं तथा कैमरे क्रियाशील स्थिति में रहें। बिना वैध प्रिस्क्रिप्शन के नशीली दवाओं की बिक्री पाए जाने पर संबंधित मेडिकल स्टोर संचालकों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने निर्देशित किया।
स्वापक एवं मनः प्रभावी पदार्थो के अनाधिकृत व्यवसायियों/क्रेताओं की पहचान कर गम्भीरता से कार्यवाही करने, संवेदनशील क्षेत्रो का चिन्हाकन कर विशेष निगरानी करने, गश्त बढ़ाने, मादक पदार्थो की तस्करी रोकने हेतु रणनीति बनाने के निर्देश दिए। इस हेतु संबंधित विभागों के अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने कहा कि युवाओं को नशे की लत से बचाना प्रशासन की प्राथमिकता है और इस दिशा में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस हेतु उन्होंने स्कूल, कॉलेज एवं संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने, जनजागरूकता अभियान चलाने तथा पुलिस, स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश भी दिए गए। श्री दुदावत ने नशामुक्ति के लिए जारी राज्य स्तरीय टोल फ्री नंबर 14446 एवं अवैध मादक पदार्थ की रिपोर्टिंग हेतु एंटी नारकोटिक्स हेल्प लाइन नंबर 1933 का शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रो में व्यापक प्रचार प्रसार करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने जिले के शैक्षणिक परिसर को तम्बाकू मुक्त बनाने हेतु कोटपा एक्ट के तहत स्कूल परिसर से 100 मीटर की दूरी के भीतर तम्बाकू उत्पादों के विक्रय पर प्रभावी रूप से रोक लगाने के निर्देश दिए। साथ ही नगरीय क्षेत्रों में विशेष अभियान चलाकर कोटपा एक्ट के प्रावधानों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने निर्देशित किया। उन्होंने समाज कल्याण विभाग को जिले के सभी स्कूल एवं कॉलेजों में प्रति सप्ताह नशामुक्ति से संबंधित जागरूकता गतिविधियाँ आयोजित करने के निर्देश दिए, जिसमें विद्यार्थियों के साथ-साथ ग्रामीणों एवं बिहान की दीदियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने की बात कही। कलेक्टर ने नशा मुक्ति के संदेश को जन-जन तक पहुँचाने के लिए पंचायतो में गठित भारतमाता वाहिनी के माध्यम से रैली निकालने, समूहों को सक्रिय करने तथा जनजागरूकता बढ़ाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने जिले में संचालित नशा मुक्ति केंद्र को प्रभावी ढंग से संचालित करने की बात कही। केंद्र में मरीजों के उपचार एवं परामर्श सेवाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश भी दिए। बैठक में पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी, वनमण्डलाधिकारी कटघोरा कुमार निशांत, एसडीएम कटघोरा तन्मय खन्ना, डीएफओ कोरबा श्रीमती प्रेमलता यादव, सीईओ जिला पंचायत दिनेश नाग, अपर कलेक्टर देवेंद्र पटेल सभी एसडीएम शिक्षा, स्वास्थ्य, समाज कल्याण एवं अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
कोरबा 30 सितंबर 2026। मॉनिटरिंग सेल एवं नेशनल लोक अदालत के संबंध में कोरबा जिले के अधिकारियों का बैठक सम्पन्न हुआ। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा, श्रीमती नीता यादव की अध्यक्षता में मॉनिटरिंग सेल एवं नेशनल लोक अदालत की तैयारी के लिए जिला न्यायालय परिसर में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश के कक्ष में बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रथम जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश श्रीमती गरिमा शर्मा, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोरबा, सुश्री मयुरा गुप्ता, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा, कु0 डिम्पल, जिला कलेक्टर कुणाल दुदावत, पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी व पी.डब्लू.डी. विभाग की ओर से अधिकारीगण उपस्थित रहे। मॉनिटरिंग सेल की बैठक में न्यायालय से संबंधित भवन निर्माण कार्यो की प्रक्रिया शीघ्रता से करने हेतु प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वारा कलेक्टर को निर्देश दिए गये तथा विधिक जागरूकता शिविर के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु संबंधित विभागों के साथ कैंप लगवाये जाने हेतु संबंधित विभाग को सामंजस्य स्थापित करने हेतु निर्देशित किये जाने के संबंध में चर्चा की गई। नेशनल लोक अदालत 12 दिसंबर 2026 को आयोजित नेशनल लोक अदालत में राजस्व मामलों को अधिक से अधिक संख्या में रखकर मामलों को निपटारा करने हेतु निर्देशित किया गया साथ ही पुलिस विभाग को ट्रैफिक चालान को नेशनल लोक अदालत में रखे जाने हेतु निर्देशित किया गया।
कोरबा 30 सितंबर 2026। कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ एस.एन.केशरी के नेतृत्व में दिनांक 1 अक्टूबर 2026 को विश्व वयोवृद्ध दिवस पर इंदिरा गाँधी ऑडिटोरियम खेल परिसर टीपी नगर कोरबा में दोपहर 2.00 बजे से स्वास्थ्य विभाग, समाज कल्याण विभाग, नगर निगम तथा राजस्व विभाग के सहयोग से राष्ट्रीय बुजुर्ग स्वास्थ्य देखभाल कार्यक्रम के तहत विभीन्न बिमारियों की स्क्रीनिंग हेतु स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया जा रहा है। इस शिविर में मुख्य रूप से वयोवृद्ध लोगों की सामान्य स्वास्थ्य जॉंच जैसे बीपी,शुगर, मुख जॉंच, कान की जॉंच तथा अन्य बिमारियों की जॉंच किया जावेगा तथा निःशुल्क दावा का वितरण किया जायेगा। कलेक्टर एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने जिले के जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों से अपील किया है कि वे अपने घर एवं क्षेत्र के अधिक से अधिक संख्या में वयोवृद्ध लोगों को शिविर में जॉच हेतु भेजें जिससे उनका स्वास्थ्य परीक्षण हो सके।
गोद भराई, अन्नप्राशन और पोषण प्रदर्शनी के माध्यम से दिया स्वास्थ्य का संदेश
कोरबा, 30 सितंबर 2026। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत महिला एवं बाल विकास विभाग ने 28 सितंबर को करतला विकासखंड के ग्राम बेहरचुवां में आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम आयोजित किया। परियोजना अधिकारी श्रीमती रागिनी प्रधान के मार्गदर्शन में हुए कार्यक्रम में ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती द्रौपती बाई राठिया मुख्य अतिथि रहीं।
कार्यक्रम में गोद भराई और अन्नप्राशन संस्कार के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को पौष्टिक आहार व नियमित स्वास्थ्य जांच तथा अभिभावकों को बच्चों के पूरक आहार की जानकारी दी गई। स्वस्थ शिशु प्रतियोगिता, रंगोली, मातृ संवाद, न्योता भोज और पोषण प्रदर्शनी में महिलाओं व बच्चों ने उत्साह से भाग लिया। प्रदर्शनी में स्थानीय खाद्य पदार्थों से संतुलित आहार तैयार करने और आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा से जुड़ी गतिविधियों को प्रदर्शित किया गया।
स्वास्थ्य कर्मियों ने महिलाओं और बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण कर स्वच्छता एवं देखभाल संबंधी जानकारी दी। पर्यवेक्षक कौशिल्या बरेठ ने बच्चों के प्रारंभिक विकास से जुड़ी गतिविधियां प्रस्तुत कीं। कार्यक्रम में पंचायत प्रतिनिधि, एएनएम, मितानिन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाएं और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। ग्रामीणों से आंगनबाड़ी केंद्रों की सेवाओं का नियमित लाभ लेने की अपील की गई।