Connect with us

देश

DA Hike News: सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, पेंशनर्स और कर्मचारियों में भेदभाव खत्म करेगी सरकार, मिलेगा बराबर DA HIKE

Published

on

नई दिल्ली,एजेंसी।  सुप्रीम कोर्ट ने सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के हित में एक बड़ा फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने साफ कर दिया है कि महंगाई भत्ता (DA) बढ़ाते समय राज्य सरकारें नौकरी कर रहे कर्मचारियों और रिटायर हो चुके पेंशनभोगियों के बीच कोई फर्क नहीं कर सकतीं।

क्या है पूरा मामला?
यह विवाद साल 2021 में तब शुरू हुआ जब केरल सरकार और केरल राज्य सड़क परिवहन निगम (KSRTC) ने अपनी खराब आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए पेंशनभोगियों को कम महंगाई राहत (DR) देने का निर्णय लिया।

भेदभाव: उस समय काम कर रहे कर्मचारियों को 14% DA दिया गया, जबकि पेंशनर्स को मात्र 11% DR थमा दिया गया। केरल सरकार ने कोर्ट में दलील दी कि वित्तीय संकट के कारण वे दोनों वर्गों को समान भुगतान नहीं कर सकते और यह उनका एक ‘पॉलिसी मैटर’ (नीतिगत मामला) है।

सुप्रीम कोर्ट की कड़ी टिप्पणी
न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा और न्यायमूर्ति प्रसन्ना बी. वराले की पीठ ने सरकार की सभी दलीलों को सिरे से खारिज कर दिया। कोर्ट की मुख्य बातें निम्नलिखित रहीं:

-पेंशनर्स और सेवारत कर्मचारियों के बीच भेदभाव करना संविधान के अनुच्छेद 14 (Right to Equality) का सीधा उल्लंघन है। 
-कोर्ट ने साफ कहा कि महंगाई की मार एक कामकाजी कर्मचारी और एक पेंशनभोगी, दोनों पर “समान रूप से” पड़ती है। खाने-पीने और रहने की चीजें दोनों के लिए एक ही रेट पर महंगी होती हैं। 
-अदालत ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि “आर्थिक तंगी” का हवाला देकर किसी के संवैधानिक अधिकारों को नहीं छीना जा सकता।

हजारों पेंशनर्स को मिलेगा फायदा
सुप्रीम कोर्ट ने केरल हाईकोर्ट के पुराने फैसले को बरकरार रखा है। अब KSRTC को अपने हजारों रिटायर्ड कर्मचारियों को उसी दर से एरियर और महंगाई राहत देनी होगी, जो वर्तमान कर्मचारियों को मिल रही है। हालांकि इससे निगम पर करोड़ों रुपये का वित्तीय बोझ बढ़ेगा, लेकिन बुजुर्ग पेंशनभोगियों के लिए यह जीत एक बड़ी राहत लेकर आई है। 

Continue Reading

देश

महाराष्ट्र में सियासी हलचल तेज, चुनाव आयोग ने MLC की 16 सीटों के लिए चुनाव की तारीख का किया ऐलान

Published

on

मुंबई, एजेंसी। भारत निर्वाचन आयोग ने महाराष्ट्र विधान परिषद की 16 सीट के लिए चुनाव 18 जून को कराने की सोमवार को घोषणा की। निर्वाचन आयोग की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार, नामांकन पत्र दाखिल करने की अंतिम तिथि एक जून है और उम्मीदवार चार जून तक नामांकन पत्र वापस ले सकते हैं। वहीं आयोग ने महाराष्ट्र विधान परिषद के लिए स्थानीय निकायों से 16 सीटों के लिए द्वैवार्षिक चुनाव 18 जून को करने की घोषणा की है। इनके साथ ही नागपुर स्थानीय निकाय की परिषद की रिक्त पड़ी एक सीट के लिए उप-चुनाव भी कराया जाएगा।
 

PunjabKesari

मतों की गिनती 22 जून को
चुनाव आयोग द्वारा सोमवार को जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार इन चुनावों के लिए अधिसूचना 25 मई को जारी की जाएगी और उसी दिन से नामांकन पत्र भरने का कार्यक्रम शुरू हो जाएगा। नामांकन पत्र 01 जून तक नामांकन पत्र भरे जा सकेंगे। नामांकन पत्रों की जांच 02 जून को कराई जाएगी और नाम 04 जून तक वापस लिए जा सकेंगे। मतदान की तिथि 18 जून है और उसी दिन प्रात: 8:00 बजे से शाम चार बजे तक मतदान कराए जाएंगे। मतों की गिनती 22 जून को कराई जाएगी और चुनाव प्रक्रिया 25 जून तक संपन्न हो जाएगी।

 इन 16 निकायों में होगा चुनाव 
जिन 16 निकायों से विधान परिषद के लिए द्वैवार्षिक चुनाव कराए जा रहे हैं उनमें सोलापुर, अहमदनगर ठाणे, जलगांव, सांगली – सतारा,नांदेड़, यवतमाल, पुणे भंडारा- गोंदिया, रायगढ़- रत्नागिरि- सिंधुदुर्ग, नासिक, वर्धा-चंद्रपुर- गढ़चिरौली, अमरावती, उस्मानाबाद- लातूर- बीड, परभणी- हिंगोली तथा औरंगाबाद- जालना स्थानीय निकाय क्षेत्र की सीटें शामिल है। नागपुर स्थानीय निकाय से विधान परिषद के लिए निर्वाचित प्रतिनिधि चंद्रशेखर कृष्ण रावजी बावनकुले के विधान सभा के लिए निर्वाचित होने के बाद यह सीट 23 नवंबर 2024 से रिक्त पड़ी है। श्री बावनकुले का विधान परिषद का कार्यकाल एक जनवरी 2028 तक था।

Continue Reading

देश

सरकारी बैंकों और बीमा कंपनियों के खर्च पर सरकार की सख्ती, खर्चों में कटौती के निर्देश

Published

on

नई दिल्ली, एजेंसी। केंद्र सरकार ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों, बीमा कंपनियों और वित्तीय संस्थानों को खर्चों में कटौती करने के निर्देश दिए हैं। वित्त मंत्रालय ने दैनिक कामकाज में मितव्ययिता अपनाने, यात्रा खर्च घटाने और इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा देने पर जोर दिया है।

इन संस्थाओं पर पड़ सकता है असर

सरकार के इस फैसले का असर भारतीय स्टेट बैंक (SBI), पंजाब नेशनल बैंक (PNB), बैंक ऑफ बड़ौदा (BoB) और भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) जैसी बड़ी सरकारी संस्थाओं पर पड़ेगा, जहां लाखों कर्मचारी कार्यरत हैं।

वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवा विभाग द्वारा जारी निर्देशों में कहा गया है कि अब अधिकांश मीटिंग, रिव्यू और कंसलटेशन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए किए जाएं। केवल जरूरी परिस्थितियों में ही अधिकारियों और कर्मचारियों को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने की अनुमति दी जाएगी।

निर्देशों में विदेश यात्राओं पर भी सख्ती दिखाई गई है। मंत्रालय ने कहा है कि चेयरमैन, एमडी और सीईओ स्तर के अधिकारियों की विदेशी यात्राएं तय सीमा के भीतर रहें और जहां संभव हो, अंतरराष्ट्रीय बैठकों में वर्चुअल माध्यम अपनाया जाए।

इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने का निर्देश 

इसके अलावा मंत्रालय ने पेट्रोल और डीजल वाहनों के उपयोग को कम करने और चरणबद्ध तरीके से इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने का निर्देश दिया है। संस्थानों से कहा गया है कि वे अपने मुख्यालय और शाखाओं में किराए पर ली गई पारंपरिक गाड़ियों की जगह इलेक्ट्रिक कारों का इस्तेमाल बढ़ाएं।

क्यों लिया फैसला

माना जा रहा है कि यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया अपील के बाद उठाया गया है, जिसमें उन्होंने सरकारी संस्थानों और कर्मचारियों से संयम और कम खर्च की नीति अपनाने को कहा था। पश्चिम एशिया में जारी तनाव, महंगे कच्चे तेल और बढ़ती महंगाई के बीच सरकार खर्च नियंत्रण पर फोकस कर रही है। 

Continue Reading

देश

एक हफ्ते का इंतजार खत्म! UP में 8 नए मंत्रियों के विभागों की घोषणा, भूपेंद्र चौधरी और मनोज पांडे को मिली बड़ी जिम्मेदारी

Published

on

लखनऊ, एजेंसी। एक हफ्ते के लंबे इंतजार के बाद, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार देर शाम 8 नए मंत्रियों को उनके विभाग सौंप दिए। इन मंत्रियों ने पिछले रविवार को शपथ ली थी। सोमवार को होने वाली पहली कैबिनेट बैठक से ठीक पहले ये विभाग बांटे गए हैं।

भूपेंद्र चौधरी को MSME और बागी SP विधायक मनोज पांडे को मिला खाद्य विभाग
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, नए कैबिनेट मंत्री भूपेंद्र चौधरी को सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। कैबिनेट मंत्री और समाजवादी पार्टी (SP) के बागी विधायक मनोज पांडे को खाद्य, रसद और नागरिक आपूर्ति विभाग सौंपा गया है। अजीत सिंह पाल को खाद्य सुरक्षा और औषधि प्रशासन विभाग के राज्यमंत्री की जिम्मेदारी स्वतंत्र प्रभार के साथ दी गई है।

सोमेंद्र तोमर को स्वतंत्र प्रभार, कृष्ण पासवान और सुरेश दिलेर भी बने राज्यमंत्री
इसके अलावा सोमेंद्र तोमर को राजनीतिक पेंशन, सैनिक कल्याण और प्रांतीय सशस्त्र कांस्टेबुलरी विभागों का स्वतंत्र प्रभार दिया गया है। कृष्ण पासवान को पशुधन और दुग्ध विकास विभाग का राज्यमंत्री बनाया गया है। उप मंत्री कैलाश सिंह राजपूत को ऊर्जा और अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत के राज्यमंत्री का विभाग दिया गया है। सुरेश दिलेर को राजस्व विभाग का राज्यमंत्री बनाया गया है। हंसराज विश्वकर्मा को सूक्ष्म ,लघु एवं मध्यम विभाग के राज्यमंत्री का प्रभार सौंपा गया है।

Continue Reading
Advertisement

Trending

Copyright © 2020 Divya Akash | RNI- CHHHIN/2010/47078 | IN FRONT OF PRESS CLUB TILAK BHAVAN TP NAGAR KORBA 495677