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कोरबा

निगम चुनाव को लेकर कांग्रेस की बैठक: पर्यवेक्षक होरा बोले- एकजुटता के साथ फिर से कांग्रेस का महापौर बनाना है

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कोरबा। नगर पालिक निगम कोरबा के आगामी चुनाव को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा कोरबा निगम के लिए नियुक्त किये गए पर्यवेक्षक प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व विधायक गुरूमुख सिंह होरा के मुख्य आतिथ्य में जिला कांग्रेस कार्यालय टी पी नगर में एक बैठक आयोजित की गई। आयोजित बैठक को संबोधित करते हुए पर्यवेक्षक गुरूमुख सिंह होरा ने बताया कि आगामी नगर पालिक निगम कोरबा के चुनाव में संबंध मे मेरे पर्यवेक्षक बनने के बाद ये पहली बैठक है। आज इस बैठक में कांग्रेस जनों की बड़ी संख्या में उपस्थिति इस बात का सबूत है कि कोरबा निगम क्षेत्र के कार्यकर्ता चुनाव को लेकर संवेदनशील एवं सक्रिय हैं। प्रक्रिया के तहत महापौर एवं पार्षदों के उम्मीदवार नियमानुसार तय किये जायेंगे। पार्टी के द्वारा योग्य व्यक्ति को उम्मीदवार बनाया जायेगा और हम सब एकजुट होकर प्रत्याशी को जीताने का काम करेंगे। पर्यवेक्षक श्री होरा के पास बहुत से दावेदारों ने वन टू वन मुलाकात की एवं पार्षद टिकट के लिए आवेदन जमा किया।
बैठक को संबोधित करते हुए पूर्व केबिनेट मंत्री जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि पिछली बार श्री होरा पंचायत चुनाव में पर्यवेक्षक बन कर आये थे और इनके मार्गदर्शन में जिला पंचायत में कांग्रेस का अध्यक्ष निर्वाचित हुई थी। श्री होरा कोरबा के लिए शुभ हंै और इस बार भी इनके मार्गदर्शन में और हम सभी कांग्रेसजनों की एकजुटता एवं सक्रियता के कारण कोरबा निगम में कांग्रेस की सरकार बनेगी। श्री अग्रवाल ने बताया कि 2014 के चुनाव में श्रीमती रेणु अग्रवाल ने निगम के चौथे कार्यकाल में कांग्रेस पार्टी के प्रथम महापौर के रूप में कार्यभार संभाला था और उसके बाद विकास कार्यो की गंगा बहाते हुए पेयजल की समस्या से कोरबा निगम वासियों को निजात दिलाया। घर-घर पानी पहुंचाया एवं लगभग 50 हजार घरों में निशुल्क नल कनेक्शन लगवाया। निगम के पांचवे कार्यकाल में 2020 में दूसरी बार कांग्रेस के महापौर के रूप में राजकिशोर प्रसाद ने कार्यभार संभाला। दो साल के कोरोना वैश्विक संकट के बावजूद निगम क्षेत्र के सभी वार्डों में आवश्यकता अनुसार सडक़, नाली, नाला, सामुदायिक भवन, सामुदायिक मंच, बिजली एवं अन्य विकास कार्य संपन्न हुए। इसी कार्यकाल में कांग्रेस सरकार द्वारा शासकीय भूमि पर काबिज लोगों को पट्टा देने का महान कार्य किया गया। भाजपा की सरकार ने कभी पट्टा देने का काम नहीं किया। ये सब उपलब्धियां कांग्रेस के कार्यकर्ता जनता को बतायेंगे। श्री अग्रवाल ने कार्यकर्ताओं से अपील करते हुए कहा कि आने वाले चुनाव में कांग्रेस कार्यकर्ता एकजुटता के साथ काम करते हुए निगम में कांग्रेस की सरकार बनायेंगे।
पूर्व महापौर राजकिशोर प्रसाद ने अपना विचार व्यक्त करते हुए बताया कि वर्तमान में केन्द्र और प्रदेश में कांग्रेस की सरकार नहीं है, इसलिए हम सभी कांग्रेसजन संकल्प लेकर कोरबा निगम में कांग्रेस का महापौर बनायेंगे एवं ज्यादा से ज्यादा पार्षद जीता कर निगम में कांग्रेस की सत्ता का हैट्रिक बनायेंगे।
बैठक को पूर्व जिला अध्यक्ष श्रीमती उषा तिवारी, महिला प्रदेश उपाध्यक्ष श्रीमती रेखा त्रिपाठी, जिला कांग्रेस महिला अध्यक्ष कोरबा शहर श्रीमती कुसुम द्विवेदी, जिला उपाध्यक्ष राजेन्द्र सिंह ठाकुर, ब्लॉक अध्यक्ष दुष्यंत शर्मा, ब्लॉक अध्यक्ष सनीष कुमार, अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ महिला जिला अध्यक्ष श्रीमती पुष्पा पात्रे, मालती किन्नर आदि ने संबोधित किया। कार्यक्रम के प्रारंभ में पर्यवेक्षक गुरूमुख सिंह होरा एवं पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल का पुष्पगुच्छ से स्वागत किया गया। स्वागत उद्बोधन जिला अध्यक्ष श्रीमती सपना चौहान द्वारा दिया गया एवं आभार प्रदर्शन ब्लॉक अध्यक्ष संतोष राठौर द्वारा किया गया। बैठक का संचालन पूर्व सभापति श्यामसुंदर सोनी ने किया।
उक्त बैठक में सुरेश सहगल, अर्चना उपाध्याय, धुरपाल सिंह कंवर, प्रदीप पुरायणे, अमन पटेल, गजानंद बरेठ, गिरधारी बरेठ, अमरू दास महंत, मो. शहिद, शांता मंडावे, मुकेश राठौर, संतोष लांझेकर, नारायण कुर्रे, रामगोपाल यादव, सीमा उपाध्याय, महेन्द्र चौहान, सीताराम चौहान, अविनाश बंजारे, गंगाराम भारद्वाज, देवी दयाल, कृपाराम साहू, पालूराम साहू, रामायण दास महंत, राजेश यादव, अनुज जायसवाल, बद्री किरण, एफ डी मानिकपुरी, वीरसाय, रोपा तिर्की, मनीराम साहू, बच्चूलाल मखवानी, पुष्पा पात्रे, बसंत चंद्रा, सुखसागर निर्मलकर, प्रदीप जायसवाल, बंटी शर्मा, रामायण दास महंत, महेन्द्र निर्मलकर, गौरी चौहान, द्रोपदी तिवारी, मालती किन्नर, शशी अग्रवाल, मनीषा अग्रवाल, लक्ष्मी महंत, माधुरी धु्रव, संगीता श्रीवास, आशिष गुप्ता, मनोहर लाल, राम नारायण, ओंकार, राकेश, सुनील त्रिपाठी, ओमप्रकाश, छबि बाल्मिकी, देव जायसवाल, रवि खुंटे, मदन सिंह, विजय आनंद, सुकृत दास महंत, रोशन कुमार, किरण, संजय दुबे, मो. कलीम, देवकी नंदन, एहसान, आशा जोशी, समसुद्दीन, विमल थवाईत, मुन्ना खान, कुंज बिहारी साहू, जगन्नाथ थवाईत, श्याम बाई, इंदिरा नवरंग, डोरी लाल, त्रिवेणी मिरी, प्रदीप सागर, शिवकुमार, अमीन भुट्टो, ओम प्रकाश महंत, बरनाबस लकड़ा, नरोत्तम दास महंत, केशव सराफ, लक्ष्मी प्रसाद, विनोद अग्रवाल, मो. रईस, निर्मल कुमार साहू, चालेश्वर सिंह, बिसाहू दास, प्रिती शर्मा, दिनेश शर्मा, उमेश नायक, तस्लीम खान, राजा क्षत्रिय, रामइकबाल सिंह, ओमप्रकाश प्रेमलाल वर्मा, शिवानी सिंह कंवर, ग्रेसमाग्रेट टोप्पो, विनीत एक्का, फोटू लाल, राजेश पटेल, सत्यप्रकाश, रमेश वर्मा, रथलाल चौहान, सुमेश भगत, ऐशवर्धन, संतोष ठाकुर, बजरंग अग्रवाल, पुरन चंद्रा, विनोद, अंजलिना केरकेट्टा, ज्योतिष कुमार, हिमांशु कुमार, लक्ष्मण लहरे, राजेश पटे, संजय दुबे, कलीम अंसानी, पवन चौहान, रमेश साहू, अमित सोनी, बनवीर सिंह, शशि शंकर साहू, सूर्यकंात महंत, प्रदीप यादव, सुरेश पात्रे, बलराम यादव, कन्हैया यादव, विपिन भगत, विकास सिंह, संजय यादव, विनोद सोनकर, कन्हैया श्रीवास, वर्धन भारिया, शिवदास, विनीत श्रीवास, किशन मिरी, संजय भगत, कंचन लाल राव, कौशल प्रसाद जगत, नाजीर खां, प्रदीप सागर, चेलवा बंजारे, आजाद बक्श, संतोष सिंह सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित थे।

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कोरबा

ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 का उद्देश्य कचरे के वैज्ञानिक प्रबंधन से पर्यावरण प्रदूषण रोकना है – सीईओ

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जिला पंचायत में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 पर हुई कार्यशाला

कोरबा। भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा 27 जनवरी 2026 को अधिसूचित ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026, वर्ष 2016 के पुराने नियमों का स्थान लेंगे। इन नियमों का मुख्य उद्देश्य कचरे के वैज्ञानिक प्रबंधन के माध्यम से पर्यावरण प्रदूषण को रोकना तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। उक्त बातें जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री दिनेश कुमार नाग ने बुधवार को जिला पंचायत सभाकक्ष में आयोजित ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 संबंधी कार्यशाला में कही।

सीईओ श्री नाग ने बताया कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशानुसार यह नियम 01 अप्रैल 2026 से शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों सहित पूरे देश में लागू हो चुका है। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत स्तर पर इन नियमों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाएगा, जिससे कचरे का वैज्ञानिक एवं व्यवस्थित निपटान हो सके। इसके लिए ग्राम पंचायतों में कचरा संग्रहण शुल्क, शिकायत निवारण एवं निगरानी प्रणाली लागू की जाएगी। साथ ही नियमों के उल्लंघन पर दंडात्मक प्रावधान भी सुनिश्चित किए जाएंगे।

उन्होंने बताया कि ग्राम एवं जनपद स्तर पर उत्पन्न होने वाले कचरे की रिपोर्ट प्रत्येक 15 दिवस में तैयार कर प्रस्तुत करनी होगी। राज्य शासन द्वारा निर्धारित लक्ष्य की पूर्ति हेतु जून माह तक जिले की 25 प्रतिशत ग्राम पंचायतों को वैज्ञानिक तरीके से कचरा मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है।

श्री नाग ने कहा कि स्वच्छता अभियान की शुरुआत स्वयं से करनी होगी। जिला, जनपद एवं ग्राम पंचायतों के जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं कर्मचारी अपने घरों में वैज्ञानिक कचरा प्रबंधन अपनाएं तथा कचरे के पृथक्करण के लिए नीले, हरे, लाल एवं पीले रंग के डस्टबिन का उपयोग करें, ताकि विभिन्न प्रकार के कचरे का पृथक-पृथक निपटान किया जा सके।

कार्यशाला में स्वच्छ भारत मिशन के श्री दीप सरकार द्वारा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के उद्देश्य, महत्वपूर्ण विशेषताओं एवं मुख्य प्रावधानों की जानकारी पॉवर प्वाइंट प्रस्तुति के माध्यम से दी गई।

कार्यक्रम में लेखा अधिकारी श्री राजेंद्र यादव, सहायक परियोजना अधिकारी श्रीमती इंदिरा भगत, श्रीमती अमिता साहू, जनपद पंचायतों के सीईओ, स्वच्छ भारत मिशन, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के अधिकारी-कर्मचारी, सहायक विकास विस्तार अधिकारी, कार्यक्रम अधिकारी एवं तकनीकी सहायक उपस्थित रहे।

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कोरबा

अखिल भारतीय अग्रवाल संगठन का दो दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन हेतु अशोक मोदी सहित 13 पदाधिकारियों का प्रतिनिधिमंडल इंदौर रवाना

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कोरबा। अखिल भारतीय अग्रवाल संगठन के दो दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन में सम्मिलित होने हेतु छत्तीसगढ़ संगठन के प्रांतीय चेयरमैन अशोक मोदी, प्रांतीय अध्यक्ष डॉ. अशोक अग्रवाल, बाबूलाल अग्रवाल, जयदेव सिंघल, महेन्द्र सक्सेरिया, आशीष सक्सेरिया एवं डाॅ. अनिता मोहनलाल सहित अन्य पदाधिकारी आज इंदौर के लिए रवाना हो गए।

विदित हो कि अखिल भारतीय अग्रवाल संगठन का दो दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन दिनांक 30 एवं 31 मई 2026 को इंदौर में आयोजित है। इस अधिवेशन में संगठन के देशभर के प्रदेशाध्यक्ष, प्रदेश महामंत्री, राष्ट्रीय पदाधिकारीगण एवं राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य सम्मिलित होंगे।
अधिवेशन में उपस्थित पदाधिकारीगणों के द्वारा राष्ट्रहित एवं समाजहित से जुड़े विभिन्न विषयों पर गहन चर्चा की जायेगी। साथ ही समाजसेवा, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, सामाजिक समरसता एवं राजनीतिक भागीदारी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी विचार-विमर्श कर आवश्यक निर्णय लिए जाएंगे एवं संगठन की सदस्यता को बढ़ाने एवं इसको 1 करोड तक पहुॅचाने का लक्ष्य रखा जायेगा जिस पर कार्य करने पर भी विचार किया जायेगा।
उक्त कार्यक्रम राष्ट्रीय चेयरमैन प्रदीप मित्तल के सानिध्य में तथा नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष कुलभूषण मित्तल की अध्यक्षता में संपन्न होगा।
अशोक मोदी ने बताया कि छत्तीसगढ़ प्रांतीय अग्रवाल संगठन के कार्यक्रम सराहनीय रहे हैं तथा सामाजिक सेवा, धार्मिक सेवा, व्यापार एवं उद्योग में छत्तीसगढ़ अग्रवाल समाज की बड़ी भूमिका रही है और राष्ट्रीय नेतृत्व के मार्गदर्शन में जो ठोस निर्णय लिए जाएंगे, उसे छत्तीसगढ़ में भी लागू किया जाएगा।

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कोरबा

कोरबा दीपका में उपचुनाव, हाईकोर्ट पहुंचा मामला, क्या पावर का हुआ गलत इस्तेमाल

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प्रत्याशी को चुनाव लड़ने से रोकने मनमाना नियम थोपने का आरोप

हाईकोर्ट के निर्णय पर टिकी शोभा तिग्गा की उम्मीदें

बिलासपुर//कोरबा। कोरबा जिले के नगर पालिका परिषद दीपका अंतर्गत वार्ड क्रमांक 15 में हो रहे उपचुनाव को लेकर मामला हाईकोर्ट पहुंच गया है इस उपचुनाव में भाग लेने की इच्छुक अभ्यर्थी का नामांकन पत्र मनमाना नियम थोप कर लेने से अस्वीकार कर कर दिया गया इससे क्षुब्ध हो कर शोभा तिग्ग ने उच्च न्यायालय की शरण ली है अपने अधिवक्ता अंशुल तिवारी के माध्यम से याचिका दायर कर राहत देने की गुहार लगाई है इसमें छत्तीसगढ़ राज्य के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के सचिव छत्तीसगढ़ निर्वाचन आयोग के साचिव/कमिश्नर, रायपुर, जिला निर्वाचन अधिकारी कोरबा, मुख्य नगर पालिका अधिकारी दीपका व रिटर्निंग ऑफिसर, वार्ड नंबर 15 को प्रतिवादी बनाया गया है ।

याचिकाकर्ता शोभा तिग्गा वार्ड 15 दीपका की निवासी है, उसने दीपका के वार्ड नंबर 15 के काउंसलर/पार्षद के पद के लिए उसकी उम्मीदवारी में रुकावट डालने के लिए नगर पालिका अधिकारियों की मनमानी कार्रवाई को चुनौती दी है। 11.05.2026 के इलेक्शन नोटिफिकेशन के मुताबिक वह पालिका चुनाव लड़ना चाहती थी और उसने कानून के मुताबिक अपने नामांकन पत्र तैयार किए थे। इलेक्शन शेड्यूल में नॉमिनेशन पेपर फाइल करने की आखिरी तारीख 18.05.2026 तय की गई थी, जिसमें 01.06.2026 को पोलिंग और 04.06.2026 को काउंटिंग तय है ।

दुकान का एनओसी मांगा गया,इसी पर सवाल

शोभा तिग्गा ने हाईकोर्ट को बताया कि उसने पहले साल 2021 में नगर पालिका दीपका के अंतर्गत चौपाटी में दुकान नंबर 06 चलाने के लिए एक एग्रीमेंट किया था और उसी साल उस दुकान से जुड़े सभी ड्यूज़ (बकाया) भी क्लियर कर दिए थे लेकिन जब उसने 18 मई 2026 को अपना नॉमिनेशन पेपर जमा करने के लिए ऑफिस गई तो चीफ म्युनिसिपल ऑफिसर ने एक विवादित लेटर जारी किया जिसमें उसे उस दुकान के संबंध में म्युनिसिपल काउंसिल से एक NOC या पंचनामा पेश करने का निर्देश दिया गया था इसके तुरंत बाद 18 मई को ही शोभा तिग्गा ने एक रिक्वेस्ट दी जिसमें उसी ऑफिस से NOC जारी करने की मांग की गई क्योंकि CMO खुद ही वह अथॉरिटी थे जो ऐसे NOC पर ज़ोर दे रहे थे और किसी भी बकाया का स्टेटस साफ़ करने और NOC जारी करने के लिए भी वही अथॉरिटी थे याचिकाकर्ता ने कहा है कि ऐसे डॉक्यूमेंट पर ज़ोर देना पूरी तरह से मनमाना था और किसी भी कानूनी नियम से सपोर्टेड नहीं था पिटीशनर का कहना है कि 2021 के बाद से उसके खिलाफ कभी कोर्ड बकाया नोटिस डिमांड या रिकवरी की कार्रवाई शुरू नहीं की गई है।

न्याय सिद्धान्तों का उल्लंघन

पिटीशनर शोभा तिग्गा का कहना है कि विवादित कार्रवाई गैर-कानूनी मनमाना और नेचुरल जस्टिस के सिद्धांतों का उल्लंघन है क्योंकि रेस्पोंडेंट्स ने नॉमिनेशन पेपर स्वीकार करने के लिए एक गैर-कानूनी शर्त लगाने की कोशिश की है यह खास तौर पर कहा गया है कि पिटीशनर छत्तीसगढ़ म्युनिसिपैलिटीज एक्ट 1961 के सेक्शन 35 के तहत किसी भी तरह की डिसक्वालिफिकेशन के दायरे में नहीं आती है क्योंकि उसके खिलाफ कोई मौजूदा म्युनिसिपल बकाया नहीं है और डिसक्वालिफिकेशन लिए कानूनी शर्तें नहीं हैं रेस्पोंडेंट बिना इजाज़त NOC की ज़रूरत पर ज़ोर देकर कानूनी तौर पर अयोग्य ठहराए जाने का दायरा नहीं बढ़ा सकते। पिटीशनर ने 18.05.2026 के विवादित लेटर को रद्द करने और रेस्पोंडेंट को यह निर्देश देने की मांग की है कि वे कानून के तहत तय नहीं किए गए किसी भी डॉक्यूमेंट पर ज़ोर दिए बिना उसका नॉमिनेशन पेपर स्वीकार करें और प्रोसेस करें ।

मनमानी, बेमतलब और पावर का गलत इस्तेमाल

शोभा तिग्गा ने याचिका में कहा है कि यह पूरी प्रक्रिया मनमानी बेमतलब और सही प्रक्रिया की बुनियादी ज़रूरतों के खिलाफ है उसको ऐसा कोई कानूनी नियम नहीं दिखाया गया जिसके तहत काउंसिलर/पार्षद के ऑफिस के लिए नॉमिनेशन स्वीकार करने की शर्त के तौर पर नगर निगम से पहले किराए पर ली गई दुकान के संबंध में कोई NOC जमा करने की ज़रूरत हो शोभा का कहना है कि जिस लेटर पर सवाल उठाया गया है वह उसे उसका नॉमिनेशन पेपर दाखिल करने से रोकने का एक साफ तरीका है जिससे चुनाव लड़ने के उसके डेमोक्रेटिक (लोकतांत्रिक) अधिकार को बहुत बड़ा नुकसान हुआ है आरोप है कि यह सब जानबूझकर रुकावट डालने के मतलब में गलत इरादे से की गई है भले ही किसी भी अधिकारी के खिलाफ कोई निजी गलत इरादे न बताए गए हों बार-बार कहने के बावजूद नॉमिनेशन स्टेज पर एक गैर-कानूनी डॉक्यूमेंट पर ज़ोर देना, पावर का मनमाना इस्तेमाल दिखाता है ।

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